मॉडल टाउन सब डिवीजन के जेई पर लगे रिश्वत मांगने के आरोपों की जांच के बाद जेई सुुरेश रोहिल्ला को चीफ इंजीनियर रोहतक ने शुक्रवार को सस्पेंड कर दिया। उनके साथ डिवीजन के ही चार्टर्ड अकाउंटेंट राजा राम वर्मा को भी सस्पेंड किया गया है।
दोनों अधिकारियों को सस्पेंड करने की सिफारिश पानीपत सर्कल के अधिकारियों ने की थी। सस्पेंड रहने तक दोनों निगम कर्मचारियों को सर्कल कार्यालय सोनीपत में अपनी हाजिरी लगानी होगी। बिना परमिशन वे इससे छुट्टी तक नहीं ले पाएंगे। वहीं मामले पर चार्टर्ड अकाउंटेंट ने अपने आप को बेगुनाह बताते हुए इसे एसडीओ का षड्यंत्र बताया है। उन्होंने कहा कि इस मामले से उनका कोई लेना देना ही नही था। शिकायत जेई व अन्य लोगों की थी, ऑडियो भी उनकी थी लेकिन मुझे भी रंजिशन लपेट लिया गया है। वे इसका विरोध करेंगे।
ये है मामला
वार्ड नंबर 24 की गोपाल कॉलोनी निवासी अशोक ने गृहमंत्री को दी शिकायत में जिक्र किया था कि छह अगस्त को मॉडल टाउन सब डिवीजन के जेई सुरेश रोहिल्ला, सुशील व अन्य दो तीन बिजली कर्मचारी ने बिजली चोरी का केस बनाकर उनका मीटर उखाड़ लिया। करीब डेढ़ लाख की बिजली चोरी का केस बनाने का डर दिखाया। मामले को रफादफा करने को 30 हजार रुपये की मांग रखी गई। आरोप है कि जेई ने अपने कर्मियों को आगे किया और रिश्वत के पैसे लिए। पीड़ित ने दस हजार रुपये दिए और बाकी अगले दिन देने की बात की। इस पर बात बिगड़ गई। पीड़ित ने इसकी शिकायत विजिलेंस और निगम के आला अधिकारियों को दी और ऑडियो भी दिया। वहीं, प्रकरण की पूरी जानकारी गृह मंत्री अनिल विज को भी भेजी। हालांकि प्रकरण के बारे में जब जेई से बातचीत की गई तो उन्होंने सभी आरोपों को बेबुनियाद व निराधार बताया।
प्रथम जांच में दोषी, संपूर्ण जांच बाकी
निगम अधिकारियों ने बताया कि सोनीपत के एक्सईएन मनिंद्र कादियान जिनको हाल ही में पानीपत एक्सईएन का चार्ज मिला है, उन्होंने अपनी प्रथम जांच में जेई व सीए को दोषी मानते हुए कार्रवाई करते हुए अपनी उच्च अधिकारियों को भेजी थी। जिस पर कार्रवाई के तहत सस्पेंशन हुई है। जबकि मामले की पूरी जांच एसडीओ रामेंद्र मलिक के पास है। वे तथ्यों के आधार पर गहनता से जांच करने के बाद ही रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे।