सुंदरकांड मानव जीवन का सारांश : राधे-राधे
अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। कथावाचक पंडित राधे-राधे महाराज ने कहा कि सुंदरकांड मानव जीवन का सारांश है। ऐसे में प्रत्येक व्यक्ति को सुंदरकांड का पाठ करना चाहिए। इसके सुनने मात्र से व्यक्ति के दुख कट जाते हैं।
उन्होंने ये प्रवचन गुरु कृपा सेवा समिति के तत्वावधान में तुलसीदास की जयंती के उपलक्ष्य में मॉडल टाउन स्थित मुल्तान भवन में सुंदर कांड में कहे। जिसकी अध्यक्षता पंडित दाऊजी महाराज ने की। राधे-राधे महाराज ने कहा कि आज हम कलयुग के प्रभाव में इतना रम गए हैं कि हमें हमारे मार्गदर्शक व समाज सुधारक संत तक नजर नहीं आ रहे। व्यक्ति भोग विलास में इन सबको भूल गया है। इससे पहले गुरु कृपा सेवा समिति के प्रधान तिलकराज मिगलानी, उप प्रधान राधेश्याम माटा, खजांची यश्पाल शर्मा, सलाहकार ओमप्रकाश विरमानी, तिलकराज दत्ता ने गणेश व व्यासपीठ पूजन किया और श्रीअवध धाम मंदिर के परमाध्यक्ष दाऊजी महाराज का आशीर्वाद लिया। आयोजकों द्वारा मुल्तान भवन के प्रधान एवं संघ विचारक रकेश नांगरू का विशेष रूप से पहुंचने पर स्वागत किया। इस मौके पर तिलकराज मिगलानी, यशपाल शर्मा, नंद किशोर छाबड़ा, प्रमोद आहुजा, एसके आहुजा, केसी अनेजा, अशोक कंसल, प्रताप मदान, जितेंद्र मिगलानी आदि मौजूद रहे।