पानीपत। सरकार ने जिले की 156 अवैध कॉलोनियों को नियमित करवाने की तैयारी शुरू कर दी है। अब इनका सर्वे शुरू हो गया है। इसमें आबादी, क्षेत्रफल, एरिया आदि कई उपयुक्त तथ्यों के आधार पर इनको नियमित किया जा सकता है। सर्वे पूरा होने के बाद इनका डिजिटल नक्शा भी बनाया जाएगा। इसमें इन जमीनों के खसरे नंबरों को मंजूरी दी जाएगी। इसके बाद इन कॉलोनियों को नियमित कॉलोनियों की श्रेणी में रखा जाएगा।
बाद में संबंधित नगर निगम या नगर पालिका की ओर से इन कॉलोनियों में बसी आबादी को मूलभूत सुविधाएं भी दी जाएंगी। इसे लेकर शहरी स्थानीय निकाय के डायरेक्टर जिला योजनाकार की ओर से पत्राचार भी किया गया है। हालांकि इस काम में अभी काफी समय लग सकता है लेकिन जिले के अवैध एरिया में रहने वाले लोगों के लिए यह राहत भरी खबर जरूर है।
बता दें कि अभी तक जिला योजनाकार विभाग के पास जिले की ऐसी 156 कॉलोनियों की लिस्ट है, जो उन्हें सर्वे के दौरान मिली हैं। इनमें वे कॉलोनियां भी शामिल हैं, जिनको नियमित करने के लिए आरडब्ल्यूए और लोगों ने विभाग के पोर्टल पर आवेदन भी किया था। इनकी लिस्ट और लोकेशन तैयार की गई है। इस पर विभाग अपना सर्वे करवाएगा और इनकी आबादी, एरिया के प्रतिशत का माप भी करेगा। सरकार की ओर से जारी इस पत्राचार में नियम अनुसार वे सभी शर्तें रखी गई हैं, जो इन कॉलोनियों को अवैध से वैध करवाने का काम करेंगी।
चार श्रेणियों में किया जाएगा आकलन
इन कॉलोनियों का आकलन चार प्रकार की श्रेणियों में किया जाएगा। इसमें कॉलोनी 25 प्रतिशत, 25 से 50 प्रतिशत, 50 से 75 प्रतिशत या 75 से 100 प्रतिशत विकसित है या नहीं, की जांच की जाएगी। 50 प्रतिशत आबादी से ज्यादा वाली कॉलोनी को वैध किया जा सकता है। 25 प्रतिशत आबादी वाली कॉलोनी में निर्माणाधीन इमारतों को रोक कर इनका प्लान तैयार किया जाएगा। इसमें गली से लेकर सड़क तक पार्क से लेकर निकासी तक का काम जांचा जाएगा। इसके अलावा आम जन की सुविधाओं के लिए 25 से 100 प्रतिशत तक आबाद कॉलोनियों में ट्यूबवेल, सीवरेज के लिए एसटीपी, समेत एकड़ वाइज न्यूनतम स्कवेयर मीटर एरिया की भी जांच की जाएगी।
सर्वे प्लान तैयार
इसका सर्वे प्लान किया जा चुका है। ये सर्वे सीजरा और सैटेलाइट से ली गई तस्वीरों के आधार पर होगा। जिसमें कॉलोनी की तस्वीरें भी साथ होंगी। इसके नक्शे की एक ऑटोकैड की ड्राइंग भी तैयार की जाएगी। इसे संबंधित निगम, पालिका व परिषद की सदन की बैठक से पास करवाना होगा।
वर्जन-
करवाया जा रहा है सर्वे
अभी तक विभाग के पास ऐसी 156 कॉलोनियों की लिस्ट आई है। इनको टंक भी कहा जा सकता है। अब इनका सर्वे किया जा रहा है। सर्वे के बाद जो भी कॉलोनी नियमानुसार होगी उसकी रिपोर्ट मुख्यालय भेज दी जाएगी। इसमें उपयुक्त आबादी वाली कॉलोनियों को वैध किया जा सकता है। जिसके बाद इन कॉलोनियों में लोगों को मूलभूत सुविधाएं दी जा सकेंगी। अशोक गर्ग, डीटीपी, पानीपत।