पंचकूला। सेक्टर-3 स्थित ताऊ देवी लाल स्पोर्ट्स कांप्लेक्स में खेलो इंडिया यूथ गेम्स के चौथे संस्करण की तैयारियों का मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने जायजा लिया। इस दौरान खेल विभाग और एचएसवीपी के अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि हॉकी एस्ट्रोटर्फ ग्राउंड, बास्केटबॉल, वॉलीबॉल के इंडोर ग्राउंड और सिंथेटिक ट्रैक का कामों के साथ-साथ खेल सफल आयोजन के लिए सभी तैयारियां 31 दिसंबर तक पूरी कर ली जाएंगी। उनके साथ प्रदेश के खेल एवं युवा राज्य मंत्री सरदार संदीप सिंह भी मौजूद रहे। इस दौरान सीएम ने बताया कि 5 से 14 फरवरी 2022 तक होने वाले इन खेलों में 25 प्रकार के विभिन्न खेलों का आयोजन किया जाएगा। इसमें 20 खेल पहले से आयोजित किए जा रहे हैं। वहीं पांच प्रादेशिक खेलों को इस बार शामिल किया जा रहा है। इसमें पंजाब गतका, मणिपुर का थांग-ता, केरल का कलारीपयट्टू, महाराष्ट्र का मलखंभ और योगासन शामिल हैं।
सीएम ने कहा कि खिलाड़ियों को मानसिक और शारीरिक रूप से खेलों के लिए तैयार करने के लिए पंचकूला में साइंटिफिक ट्रेनिंग एंड रिहैबिलिटेशन सेंटर बनाया जा रहा है। इसके अलावा, करनाल, हिसार, रोहतक और गुरुग्राम में भी इस तरह के केंद्र स्थापित किए जाएंगे। इस मौके पर खेल एवं युवा मामले विभाग के प्रधान सचिव एके सिंह, पंचकूला के उपायुक्त महावीर कौशिक, पंचकूला के पुलिस आयुक्त सौरभ सिंह, खेल एवं युवा मामले विभाग के निदेशक और ओएसडी खेलो इंडिया के पंकज नैन और एसडीएम रिचा राठी, गेल की पूर्व निदेशक बंतो कटारिया, संजय आहूजा भी उपस्थित रहे। खेलों के दौरान कोविड-19 के निर्देशों के अनुपालन के संबंध में पूछे प्रश्न के उत्तर में मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड-19 के निर्देशों की अनुपालना सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने बताया कि अभी जो कोरोना के नए वेरिऐंट का पता चला है, उसके दो मामले देश में मिले हैं, उसको लेकर भी स्वास्थ्य विभाग व अन्य सभी विभाग सतर्क हैं और किसी भी परिस्थिति से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह तैयार है।
खेलो इंडिया गेम्स पर 250 करोड़ होंगे खर्च
सीएम ने बताया कि खेलों के लिए आवश्यक आधारभूत संरचना के विकास पर 250 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इसमेें 150 करोड़ रुपये बुनियादी ढांचे के विकास और 100 करोड़ रुपये अन्य उपकरणों व सुविधाओं के शामिल हैं। उन्होंने कहा कि सभी खेलों के बुनियादी ढांचे की सभी तैयारियां निर्धारित समय अर्थात 31 दिसंबर तक पूर्ण कर ली जाएंगी। खिलाड़ियों के ठहरने, खाने-पीने और परिवहन की संपूर्ण व्यवस्था की जा रही है। खेलों के बारे में मुख्यमंत्री ने बताया कि पंचकूला के साथ-साथ अंबाला, शाहाबाद, चंडीगढ़ और दिल्ली में इन खेलों का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अधिकतर खेलों के फाइनल मुकाबले 8 फरवरी से शुरू हो जाएंगे। इसका सीधा प्रसारण स्टार स्पोर्ट्स चैनल के माध्यम से होगा।
500 खेल नर्सरियों खोली जाएंगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा ‘कैच दैम यंग’ पॉलिसी के तहत बचपन से ही खेल प्रतिभाओं को तराशने के लिए 500 खेल नर्सरियां, जो कोविड-19 के कारण बंद हो गई थीं, उनको फिर से शुरू किया गया है। इसके अलावा 500 और खेल नर्सरियों को विकसित किया जाएगा। उन्होंने ने कहा कि ग्रामीण स्तर पर खेल स्टेडियमों का नवीनीकरण किया जा रहा है। इसके अलावा, सरकार द्वारा मैपिंग भी करवाई जा रही है। जहां-जहां खेल स्टेडियमों की संख्या कम है, वहां आवश्यकतानुसार खेल स्टेडियम बनाए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि कल दिव्यांग दिवस पर दिव्यांगजनों को तोहफा देकर उन्होंने हर जिले के एक स्टेडियम में दिव्यांग खेल कॉर्नर बनाने की घोषणा की है।