डिप्लोमा और कोर्स को लेकर इस सत्र से होगी लागूमाई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। शहर के कॉलेजों में पढ़ने वाले बच्चों को अब राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी)-2020 के तहत विद्यार्थियों को एक माह की ट्रेनिंग के बाद डिग्री और डिप्लोमा दिया जाएगा। इसके लिए मीटिंग के बाद फैसला लिया गया है। यह ट्रेनिंग नए सत्र से सभी कोर्स के लिए जरूरी की गई है। इसमें विद्यार्थियों को पूरी तकनीक और नए तरीके से सीखने के लिए लगाया गया है।
राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के तहत अब शहर के सेक्टर-1 स्नातकोत्तर महाविद्यालय और सेक्टर -14 राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय, अरूणा आसिफ अली कॉलेज कालका, राजकीय कॉलेज बरवाला, रायपुररानी और मोरनी में करीब पांच हजार विद्यार्थी बीए, बीकॉम, बीएससी मेडिकल, बीएससी नॉन मेडिकल सहित एमए, एमएससी, बीबीए, बीसीए सहित अन्य कोर्स में दाखिला लेते हैं। इन विद्यार्थियों को एग्जाम के बाद अब एक महीने की ट्रेनिंग कराई जाएगी। इसे लेकर अप्रैल में सभी शिक्षकों को ट्रेनिंग हुई है। सभी संस्थान के विद्यार्थियों को एक माह की इंटर्नशिप करवानी जरूरी है। इसे लेकर तैयारी की जा रही है। शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया है कि बच्चों के स्किल को सही तरीके से डेवलप किया जाए, जिससे वह बाहर जाकर काम कर सकें। इस दौरान उन्हें बाजार की चुनौतियों सहित जॉब के किस तरह के ऑफर मिलेंगे। इन सभी को इलाज के लिए सेंटर में भेजा जाएगा।
कोट
राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत कॉलेज में पढ़ने वाले सभी स्ट्रीम के विद्यार्थियों को एक माह की इंटर्नशिप कराई जाएगी। इसके बाद ही उन्हें डिग्री दी जाएगी। इसके लिए कॉलेजों के शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। नए सत्र से इसे पूरी तरह से लागू किया जाएगा।
-रीटा गुप्ता, डायरेक्टर, पंचकूला उच्च शिक्षा