साध्वी संयोगिता भारती के भजनों पर झूम उठा मानक टाबरा, देर रात तक गूंजते रहे जयकारे
संवाद न्यूज एजेंसी
रायपुररानी। मानक टाबरा स्थित निर्माणघर ट्रेडर्स में वीरवार को आयोजित भजन संध्या श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा का केंद्र बन गई। प्रसिद्ध कथावाचक एवं भजन गायिका साध्वी संयोगिता भारती जी ने अपनी मधुर और भावपूर्ण प्रस्तुति से ऐसा समां बांधा कि श्रद्धालु देर तक भक्ति रस में डूबे रहे। भजनों की गूंज से पूरा परिसर भक्तिमय हो उठा और भगवान के जयकारों से वातावरण गूंजता रहा।
कार्यक्रम के दौरान साध्वी संयोगिता भारती जी ने एक से बढ़कर एक भजनों की प्रस्तुति दी। विशेष रूप से ‘मेरी गली विच आजा मां, रातां हो जाण चाणणियां’ भजन ने श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। भजन सुनते ही कई श्रद्धालु तालियों की थाप पर झूम उठे, जबकि कई लोग भक्ति में लीन होकर भगवान का स्मरण करते नजर आए। कार्यक्रम स्थल पर मौजूद हर व्यक्ति भक्ति के इस रंग में रंगा दिखाई दिया।
साध्वी संयोगिता भारती जी ने अपने संबोधन में कहा कि भगवान का स्मरण और भक्ति जीवन में सकारात्मक ऊर्जा, मानसिक शांति और आत्मिक संतोष प्रदान करती है। उन्होंने कहा कि भक्ति व्यक्ति को अच्छे संस्कार, सकारात्मक सोच और समाज के प्रति जिम्मेदारी का भाव सिखाती है। उनके संदेश को श्रद्धालुओं ने ध्यानपूर्वक सुना।
भजन संध्या का आयोजन मुकेश गोयल, निर्माणघर ट्रेडर्स एवं सुमानी टाइल्स की ओर से किया गया। कार्यक्रम में आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। आयोजकों ने श्रद्धालुओं के लिए बेहतर व्यवस्थाएं भी की थीं, जिससे सभी ने सहजता से कार्यक्रम का आनंद लिया। जैसे-जैसे भजनों की प्रस्तुति आगे बढ़ती गई, श्रद्धालुओं का उत्साह भी बढ़ता गया। कई श्रद्धालु भजनों पर झूमते और तालियां बजाते दिखाई दिए। आयोजन के अंत में श्रद्धालुओं ने साध्वी संयोगिता भारती जी का आशीर्वाद लिया। कार्यक्रम में पूर्व विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता, विभाग संचालक रमाकांत, हरियाणा भाजपा उपाध्यक्ष लतिका शर्मा सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। आयोजकों ने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन समाज में आध्यात्मिक चेतना, भाईचारे और सकारात्मक सोच को बढ़ावा देते हैं तथा भविष्य में भी इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। भक्तिमय माहौल में संपन्न हुए इस आयोजन ने श्रद्धालुओं के मन पर गहरी छाप छोड़ी और पूरा मानक टाबरा क्षेत्र देर तक भगवान की भक्ति और जयकारों से गूंजता रहा।