मुख्यमंत्री भगवंत मान ने शनिवार को 281 नवचयनित युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपे। इस दौरान उन्होंने विपक्ष पर जमकर हमला बोला। मान ने कहा कि शिरोमणि अकाली दल के प्रधान सुखबीर बादल और सांसद हरसिमरत कौर की बिक्रम मजीठिया से नहीं बनती है और बातचीत भी बंद है। प्रॉपर्टी को लेकर विवाद है, लेकिन ये लोग अपने मसले हल करने के बजाय हमेशा मुझे कोसते रहते हैं।
मान ने आरोप लगाया कि जलियांवाला बाग में वैसाखी पर गोली चलाने वाले जनरल डायर को मजीठिया परिवार ने उसी दिन अपने घर बुलाकर डिनर कराया था। साथ ही सरोपा देकर उसे दुनिया का पहला ऑनरेरी सिख बना दिया था, क्योंकि एसजीपीसी भी इनके पास ही है। मान ने विपक्ष के नेता प्रताप बाजवा और पंजाब कांग्रेस प्रधान अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि इन नेताओं के पास मेरे खिलाफ कुछ नहीं है। यही कारण है कि मेरी सेहत को लेकर ही सवाल खड़े करते रहते हैं। मेरी सेहत बिल्कुल ठीक है और विपक्ष सिर्फ अफवाहें फैला रहा है।
यूपीएससी कोचिंग सेंटरों की स्थापना की जाएगी :
मान ने पंजाब भर में यूपीएससी कोचिंग सेंटरों की स्थापना की घोषणा की। इन केंद्रों में पुस्तकालय, हॉस्टल और अन्य आवश्यक सुविधाएं होंगी, ताकि राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए उच्च गुणवत्ता वाली ट्रेनिंग प्रदान की जा सके। मुख्यमंत्री ने दुख जताया कि पहले कुछ शिक्षकों ने 6,000 रुपए से भी कम वेतन पर नौकरी की थी, जो मनरेगा योजना के तहत दी जाने वाली राशि से भी कम थी। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार सरकारी कर्मचारियों को उचित मुआवजा प्रदान करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है, ताकि वे अपने परिवारों का सही ढंग से पालन-पोषण कर सकें।