पंचकूला। शहर को सोलर सिटी बनाने के लिए वीरवार को उपायुक्त विनय प्रताप सिंह ने विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। अधिकारियों ने बताया कि 38 सरकारी भवनों पर करीब 1500 किलो वाट के सोलर पावर प्लांट लगाए किए जा चुके हैं। इसके अलावा 43 सरकारी भवनों पर 3500 किलोवाट क्षमता के सोलर पावर प्लांट अक्षय ऊर्जा विभाग के माध्यम से अक्षय ऊर्जा सेवा कंपनी द्वारा लगाए जाने हैं। वर्ष 2023-24 तक शहर में वार्षिक ऊर्जा खपत का कम से कम 20 प्रतिशत नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों से किए जाने का लक्ष्य रखा गया है।
हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के कार्यकारी अभियंता ने उपायुक्त को बताया कि सेक्टर-5 की मुख्य सड़कों का चयन सोलर स्ट्रीट लाइट के लिए किया गया है। इसके अलावा प्राधिकरण द्वारा यवनिका पार्क सेक्टर-5 में 10 सोलर हाई मास्ट लाइट लगाई जा चुकी हैं। जिले की लगभग सभी 18 हजार स्ट्रीट लाइट को एलईडी में बदलने का कार्य चल रहा है। इससे विभाग का 50 प्रतिशत बिजली का लोड कम हो जाएगा। उपायुक्त ने नगर निगम और हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण को ई-चार्जिंग स्टेशन लगाने के लिए दो सप्ताह में 10-10 साइटों का चयन करने के निर्देश दिए हैं। बैठक में सीआरपीएफ पिंजौर के परिसर में 500 किलोवाट क्षमता का सोलर पावर प्लांट लगाने का प्रस्ताव हरियाणा नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा विभाग (हरेडा) को भेजा गया है। इसके अलावा नगर निगम पंचकूला ने गांव नग्गल के समीप 2.0 मेगावाट क्षमता का सोलर पॉवर लगाने के लिए आठ एकड़ भूमि चिह्नित किया है। इस मौके पर अतिरिक्त उपायुक्त एवं मुख्य परियोजना अधिकारी, हरियाणा नवीन एवं नवीकरण ऊर्जा विभाग मोहम्मद इमरान रजा, हरियाणा शहरी विकास, नगर निगम, हरियाणा रोडवेज, जनस्वास्थ्य, वन विभाग और अन्य विभागों के संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।