दुकानदार बोले- महंगाई का सीधा असर ग्राहकों की जेब पर
संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। घरेलू और व्यावसायिक गैस सिलिंडर के बढ़ते दामों ने रेहड़ी मार्केट और छोटे ढाबा संचालकों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। गैस महंगी होने और आपूर्ति प्रभावित रहने से खाने-पीने की चीजों के दाम लगातार बढ़ रहे हैं। दुकानदारों का कहना है कि अब कुल्चे, चाय, नाश्ता और थाली तक महंगी करनी पड़ रही है, जिसका सीधा असर ग्राहकों की जेब पर पड़ रहा है। कई दुकानदारों ने गैस की बढ़ती कीमतों के कारण इंडक्शन का सहारा लेना शुरू कर दिया है, लेकिन इससे बिजली खर्च भी बढ़ गया है।
दुकानदारों का कहना है कि पहले जहां कम कीमत में ग्राहकों को खाना उपलब्ध कराया जाता था, वहीं अब लागत बढ़ने के कारण दाम बढ़ाना मजबूरी बन गया है। गैस आपूर्ति में दिक्कत और लगातार बढ़ती महंगाई के कारण छोटे कारोबारियों की चिंता बढ़ती जा रही है।
कोट
मेरी दुकान पांच साल से रेहड़ी मार्केट में है। गैस के दाम बढ़ने से महंगाई बढ़ेगी। अभी कुल्चे 50 रुपये के देते थे। अब इन्हें 60 रुपये में बेच रहे हैं। गैस आपूर्ति नहीं होने और दाम बढ़ने के कारण अब कुल्चों के दाम 70 रुपये तक हो जाएंगे। इससे ग्राहकों की जेब पर सीधा असर पड़ेगा।
-चंद्रसेन, दुकानदार
कोट
मेरी रेहड़ी मार्केट में नाश्ते की दुकान है। मैं चाय और पकौड़ी बेचता था। पहले सिलिंडर महंगा हो गया, जिसके कारण दुकान पर इंडक्शन लगाना पड़ा। इसके बाद बिजली का बिल भी बढ़ गया। अब 10 रुपये वाली चाय 15 रुपये में बेचनी पड़ रही है। वहीं नाश्ता भी महंगा हो गया है। गैस नहीं मिलने के कारण कभी-कभी दुकान बंद करनी पड़ रही है।
-अरविंद कुमार, दुकानदार
कोट
मैं अपना ढाबा चलाता हूं। अभी तक गैस का उपयोग कर 70 रुपये तक में खाना दे देते थे। गैस के दाम बढ़ने के बाद अब थाली भी 10 से 20 रुपये महंगी हो जाएगी। महंगाई अब थाली तक पहुंच जाएगी।
-सुनील कुमार, दुकानदार
कोट
गैस की आपूर्ति नहीं होने से भाजी, डोसा, बड़ा पाव सहित खाने-पीने की सभी चीजों के दाम पहले ही बढ़ चुके हैं। अब गैस सिलिंडर महंगा होने से सभी आइटम के दाम करीब 20 फीसदी तक बढ़ गए हैं।
-सुफियान, दुकानदार