पूर्व उपमुख्यमंत्री चंद्रमोहन के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षा मंत्री को ज्ञापन सौंपा।
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पंचकूला। निजी स्कूल प्रबंधन द्वारा ट्यूशन फीस में गई वृद्धि के खिलाफ मंगलवार को प्रदेश के पूर्व उपमुख्यमंत्री चंद्रमोहन के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल शिक्षा मंत्री कंवरपाल गुर्जर से मिला। प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षामंत्री को ज्ञापन सौंपकर ट्यूशन फीस में की गई बढ़ोत्तरी के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने की मांग की। शिक्षामंत्री ने ज्ञापन पर संज्ञान लेकर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।
शिक्षा मंत्री को ज्ञापन सौंपने वाले प्रतिनिधि मंडल में पंचकूला के पूर्व जिला परिषद अध्यक्ष रविंद्र रावल, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शशी शर्मा, एडवोकेट विजय बंसल, प्रियंका हुड्डा, सुषमा खन्ना और हेमन्त किंगर शामिल थे। ज्ञापन में कोविड के कारण उत्पन्न हुई अपरिहार्य परिस्थितियों का उल्लेख कर कहा गया है कि बीते साल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 23 मार्च को देश में लॉकडाउन की घोषणा की गई थी। इससे सभी शिक्षण संस्थान बंद कर दिए गए और विद्यार्थियों को ऑनलाइन अध्ययन करने पर विवश होना पड़ा। यहां तक कि कुछ कक्षाओं की परीक्षाएं भी ऑनलाइन करवाने के साथ कुछ कक्षाओं के विद्यार्थियों को बिना परीक्षा के ही पास कर दिया गया।
चंद्रमोहन ने शिक्षा मंत्री को बताया कि अभिभावकों ने मजबूरन बच्चों को इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जैसे स्मार्टफोन, लैपटॉप उपलब्ध करवाए। विश्वव्यापी महामारी में स्कूलों द्वारा किसी भी प्रकार की राहत देने की अपेक्षा ट्यूशन फीस के साथ परिवहन, इन्फ्रास्ट्रक्चर सहित कई शुल्क वसूलने की कोशिश की जा रही है। शिक्षामंत्री से मांग की गई है कि शिक्षा विभाग पंचकूला के अधिकारियों को निर्देश दें कि वे इस मामले में दखल दें। इस मौके पर दीपांशु बंसल, अजय सांई, निपुन हुड्डा मौजूद रहे।