मजबूरन मरीजों को बाहर से टेस्ट करवाने पड़ रहे, झेलना पड़ रहा आर्थिक भार
ऑपरेशन से पहले टेस्ट के लिए प्राइवेट लैब में हजारों रुपये करने पड़ रहे, अस्पताल में दवाओं की भी कमी
माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। मदर टेरेसा साकेत ऑर्थोपेडिक्स हॉस्पिटल सेक्टर-1 में मरीजों को ऑपरेशन से पहले एमआरआई, इको टेस्ट और सीटी स्कैन के लिए प्राइवेट लैब में जाना पड़ रहा है। अस्पताल में ये सुविधाएं उपलब्ध न होने के कारण मरीजों और तीमारदारों को अतिरिक्त खर्च उठाना पड़ रहा है। यही नहीं अस्पताल में दवाएं भी नहीं मिल रही हैं।
ठंड बढ़ने के साथ रोज लगभग 300 मरीज ओपीडी और फिजियोथैरेपी के लिए अस्पताल में आते हैं। अस्पताल में यह कमी पंजाब, हरियाणा, हिमाचल और उत्तर प्रदेश से आए मरीजों के लिए परेशानी का कारण बन रही है।
बाहर से दवा खरीदनी पड़ रही है
मेरे भाई को घुटने का ऑपरेशन करना है। इको टेस्ट के लिए बाहर प्राइवेट लैब में 2,000 रुपये खर्च करना पड़ा। अस्पताल के दवाखाने से दवाएं पूरी नहीं मिल रहीं। बाहर से दवा खरीदनी पड़ रही है। - केशव, तीमारदार, पिंजौर
पैर और कूल्हे का ऑपरेशन हुआ है
पैर और कूल्हे का ऑपरेशन हुआ है। एमआरआई, इको टेस्ट और सीटी स्कैन में कुल 8,000 रुपये खर्च हो गए। टेस्ट अस्पताल में उपलब्ध न होने के कारण बाहर करवाने पड़े। दवाएं भी अस्पताल में आसानी से नहीं मिलतीं। - इंदिरा, मरीज, बरवाला
जल्द सभी टेस्ट उपलब्ध होंगे
हमने लैब को अपडेट करने के लिए मीटिंग की है। जल्द ही हड्डी के ऑपरेशन में होने वाले सभी टेस्ट अस्पताल में उपलब्ध होंगे। फिलहाल कुछ हड्डी के इलाज के टेस्ट हॉस्पिटल में ही किए जा रहे हैं। -डॉ. रानी शर्मा, डायरेक्टर, साकेत अस्पताल