सेक्टर-10 स्थित एक होटल में रविवार को सिटीजन वेलफेयर एसोसिएशन की ओर से वार्षिक बैठक का आयोजन किया गया। इस दौरान एसोसिएशन केकरीब 30 सदस्य बैठक में मौजूद रहे। सदस्यों ने शहर के सभी सेक्टरों में आ रही समस्याओं और निर्माण कार्यों पर चर्चा की। सदस्यों को संबोधित करते हुए एसोसिएशन के प्रधान एसके नय्यर ने बताया कि पंचकूला के हर सेक्टर में कोई न कोई समस्या जरूर है, जिससे लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
नय्यर ने बताया कि हुडा ने कई मास्टर प्लान तैयार किए थे, जो पूरे नहीं किए जा रहे हैं। इनमें बस डिपो, इंटर स्टेट बस स्टैंड, घग्गर पार सेक्टरों में बस क्यू शेल्टरों का निर्माण, शहर में बने बड़े पार्क को डेवलप, 24 घंटे पानी की सप्लाई, सामुदायिक केंद्र और स्टेट लाइब्रेरी का निर्माण नहीं किया गया है। मल्टी पर्पज बूथ का भी सही से इस्तेमाल नहीं किया जा रहा है।
नय्यर ने बताया कि पंचकूला शहर ऐसी कई सुविधाओं से वंचित है, जो लोगों की सबसे बड़ी जरूरत है। पंचकूला में मेडिकल कॉलेज और इंजीनियर कॉलेज से लोग वंचित हैं। इसके अलावा शहर में कई जगहों पर पूलों का निर्माण किया जाना है, वह भी शुरू नहीं किए गए है। साथ ही पंचकूला में जो डंपिंग ग्राउंड बनाया गया है वह रेजिडेंट्स एरिया से दूर होना चाहिए, ताकि लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
बैठक में सेक्टर-19 फाटक पर आरयूबी निर्माण पर भी चर्चा की गई। इस मौके पर एसोसिएशन के जनरल सेक्रेटरी एसके छाबड़ा, वाइस प्रेसिडेंट मेवा सिंह, कमलेश, तरसेम गर्ग, सुनील वशिष्ठ और एसपी अरोड़ा के अलावा अन्य सदस्य मौजूद रहे।