डिफॉल्टरों के विरुद्ध सख्ती के बाद विभाग ने लंबित सरकारी टैक्स की 3.29 करोड़ की रकम वसूल की है और इसमें बड़ी रकम बड़ी कंपनियों /ऑपरेटरों द्वारा जमा करवाई गई है। उन्होंने कहा कि विभाग ने आरटीए के साथ-साथ बस डिपुओं के जनरल मैनेजरों को भी और ज्यादा शक्तियां देते हुए उनको बस स्टैंड के आसपास के 500 मीटर के घेरे में वाहनों की जांच करने के अधिकार दिए हैं।
नए बस अड्डे बनाने, वर्कशाप अपग्रेडेशन पर खर्च होंगे 400 करोड़
राजा वड़िंग ने बताया कि नए बस अड्डे और वर्कशाप बनाने और इनके नवीनीकरण पर 400 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। 230 करोड़ रुपये के साथ 52 नए बस अड्डों का निर्माण किया जाएगा, जबकि 70 बस अड्डों को 45 करोड़ रुपये की लागत के साथ अपग्रेड किया जाएगा। इसी तरह 81 करोड़ रुपये 16 वर्कशॉप के नए निर्माण और नवीनीकरण पर खर्च किए जाएंगे।
परिवहन मंत्री ने बताया कि अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि ड्राइविंग लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट के लंबित मामलों के जल्द से जल्द निपटारे के लिए सभी 32 ड्राइविंग और टेस्टिंग ट्रैक शनिवार को भी खोले जाएं, ताकि काम करने वाले और अन्य लोग उस दिन टेस्टिंग के लिए जा सकें। इसके अलावा बुकिंग स्लॉट का समय 30 से बढ़ाकर 45 दिन कर दिया गया है।
उन्होंने कहा कि स्मार्ट ड्राइविंग लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट बनाने के लिए केंद्रीयकृत आउटसोर्स एजेंसी को लगाया गया है कि वह समझौते के मुताबिक निर्धारित समयसीमा में ड्राइविंग लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट भेजेगी, अन्यथा देरी के लिए कंपनी पर जुर्माना लगाया जाएगा। मंत्री ने कहा कि अब व्यापारिक /गैर-व्यापारिक वाहन की जांच किसी भी नजदीकी स्थान पर की जा सकती है, फिर चाहे आवेदक ने कहीं भी अर्जी दी हो।
मेरे निजी व्हाट्सअप नंबर पर भेजें शिकायत: राजा वड़िंग
राजा वड़िंग ने कहा कि सरकारी बसों से तंबाकू, पान मसाला आदि से संबंधित विज्ञापन हटा दिए गए हैं। मंत्री ने लोगों से अपील की अगर किसी को बसों में ऐसे विज्ञापन मिलते हैं या अन्य किसी किस्म का उल्लंघन दिखाई देता है तो मेरे निजी व्हाट्सएप नंबर 94784-54701 पर संपर्क किया जा सकता है।
21 दिन में करोड़ों का फायदा परिवहन मंत्री बता रहे हैं, लेकिन गत वर्ष 1700 करोड़ रुपये का परिवहन विभाग को जो घाटा हुआ है, उसका जिम्मेदार कौन है। इससे पहले उन्हीं के दो नेता परिवहन मंत्री रह चुके हैं, क्या वह उनसे इन घाटों के बारे में सवाल-जवाब करेंगे। -डा. दलजीत सिंह चीमा, प्रवक्ता, शिअद