संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजपुर। सीमावर्ती गांव बारेके की दाना मंडी में धान खरीद नहीं होने के चलते किसान परेशान हैं। किसानों का कहना है कि वे पिछले आठ दिनों से मंडियों में बैठे हैं़ आढ़तियों को बारदाना भी नहीं मिला है।
किसान कुलवंत सिंह ने कहां कि वह पिछले आठ दिनों से मंडी में बैठे हुए हैं। उनकी धान की खरीद नहीं हुई है। उनके धान में नमी बताकर नहीं खरीदा जा रहा है। मंडियों में कोई अधिकारी भी नजर नहीं आ रहा। उन्होंने कहा कि किसानों को एक क्विंटल पीछे दो किलो काट भी लगाई जा रही है, जो किसानों से सरेआम लूट है। किसान पहले ही बाढ़ की चपेट में आकर बर्बाद हो चुके हैं, जो फसलें बची हैं वह लेकर मंडियों में पहुंचे हैं तो उनका धान खरीदा नहीं जा रहा।
किसान बगीचा सिंह ने बताया कि वह वीरवार को धान लेकर मंडी में पहुंचे थे। अभी तक उनका धान खरीदा नहीं गया। मंडियों में बारदाना भी नहीं है। मंडी में सरकारी दो खरीदे एजेंसी हैं, वेयरहाउस और मार्कफेड। जबकि वेयरहाउस ने थोड़ा बहुत धान खरीदा है उसके बाद उसने भी खरीदना बंद कर दिया है। किसान कुलदीप सिंह ने बताया कि बारेके मंडी के हालात बहुत ही खराब है। धान की तुलवाई नहीं हो रही है। आढ़तियों के पास बारदाना भी नहीं है। पिछले पांच दिन से वह मंडी में आकर बैठे हुए हैं। कुछ आढ़ती पुराने बारदाने में अपने तौर पर धान की भरपाई कर रहे हैं। सरकार की तरफ से अभी तक कोई बारदाना नहीं मिला है।
उधर, आढ़ती सतनाम सिंह का कहना है कि सरकार की तरफ से धान की नमी 17 फीसदी निश्चित की गई है। उसी के मुताबिक धान की खरीद कर रहे हैं। सरकार ने अभी तक उन्हें बारदाना नहीं दिया है। मंडी में वेयर हाउस और मार्कफेड दो खरीद एजेंसियां ही धान की खरीद कर रही हैं।