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अभय चौटाला ने गठबंधन सरकार पर उठाए सवाल, बोले- कहां गया मासिक भत्ता देने का दावा

Fri, 31 Jan 2020 02:08 PM IST
पंचकुला ब्‍यूरो अमर उजाला, चंडीगढ़
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इनेलो नेता अभय चौटाला
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इनेलो नेता अभय सिंह चौटाला ने गठबंधन सरकार को लेकर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। उन्होंने कहा है कि प्रदेश में बेरोजगारी की जो समस्या है वह पिछले 10 सालों से लगातार बढ़ रही है। अब पिछले 45 सालों में रोजगार देने का स्तर सबसे नीचे है। जहां युवाओं को उम्मीद थी कि नई सरकार बनने पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और प्रदेश की गठबंधन सरकार में शामिल पार्टियों का आगाज था कि ‘रोजगार मेरा अधिकार अधिनियम’ बनाया जाएगा।
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साथ ही हरियाणा प्रदेश में 75 प्रतिशत नौकरियों हरियाणा के लोगों के लिए आरक्षित की जाएंगी। भाजपा-जजपा ने अपने-अपने चुनावी घोषणा पत्रों से यह भी आश्वस्त किया था कि जब तक रोजगार नहीं मिलता बेरोजगार को 11 हजार रुपये मासिक भत्ता दिया जाएगा, लेकिन दुख की बात है कि ताजा आंकड़ों के मुताबिक रोजगार बढ़ने की बजाए सात प्रमुख सेक्टरों में जिनमें रोजगार की ज्यादा संभावनाएं होती हैं वहां रोजगार के अवसर घटे हैं।

इनेलो नेता ने बताया कि आज भी सरकारी क्षेत्र में वर्तमान में जो पद विभिन्न विभागों में खाली पड़े हैं, उन पर भर्तियां नहीं की जा रही। शिक्षा विभाग में आज भी लगभग 30 हजार रिक्तियां हैं। जिनमें से 12 हजार पीजीटी के पद खाली हैं। जिससे एक तरफ शिक्षा के गुणात्मक सुधार के दावे की पोल खुलती है।ं एचस्टेट पास किए हुए लाखों युवा बेरोजगार घूम रहे हैं। हरियाणा में 2423 माध्यमिक/वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल हैं जिनमें से लगभग आधे स्कूलों में मुख्याध्यापक/प्रिंसिपल के पद खाली पड़े हैं। यह पद पदोन्नति द्वारा ही भरे जाने हैं।
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फिर भी सरकार इन पर नियुक्तियां नहीं कर रही है जिससे सहज ही अनुमान लगाया जा सकता है कि हरियाणा सरकार शिक्षा के गुणात्मक सुधार पर कितनी गंभीर है। उन्होंने कहा कि किसी भी संस्थान की कार्यप्रणाली उसके मुखिया की नेतृत्व क्षमता तथा निगरानी पर निर्भर करती है, लेकिन जहां मुखिया ही न हो वहां शिक्षण संस्थान की कार्यकुशलता और गुणात्मक सुधार की कल्पना कैसे की जा सकती है। उन्होंने कहा कि सरकार दावे तो बहुत करती है परंतु धरातल पर हकीकत कुछ और ही बयां करती है।
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