नोएडा के ध्यानार्थ
सार्वजनिक समारोह में 200, इंडोर में 50, अंतिम संस्कार में 20 लोग होंगे शामिल
हरियाणा सरकार ने कोरोना का कहर देख सख्ती बढ़ाई, शादी-नवरात्र कार्यक्रम दिन में ही होंगे
विज बोले, सख्ती से होने वाली नाराजगी झेलने को तैयार, लाशों के ढेर नहीं देख सकते
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने कोरोना के बढ़ते मामलों को लेेकर सख्ती और बढ़ा दी है। शादी समारोह व नवरात्र के कार्यक्रम अब रात की बजाय दिन में होंगे। सार्वजनिक समारोह में अब खुले में 200, इंडोर में 50 व अंतिम संस्कार में 20 से अधिक लोग शामिल नहीं हो सकेंगे।
मुख्यमंत्री मनोहर लाल की अध्यक्षता में वीरवार को चंडीगढ़ में कोविड-19 मामलों और टीकाकरण की समीक्षा के लिए बुलाई बैठक में ये निर्णय लिए गए। बैठक में उप-मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला मौजूद रहे, जबकि स्वास्थ्य एवं गृह मंत्री अनिल विज वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े। स्वास्थ्य मंत्री विज ने कहा कि पुलिस, प्रशासन की सख्ती से होने वाली लोगों की नाराजगी झेलने को तैयार हैं, लेकिन लाशों के ढेर नहीं देख सकते। मुख्यमंत्री ने सभी उपायुक्तों और पुलिस अधीक्षकों को कोरोना मानक सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए हैं।
मनोहर लाल ने कहा कि इस बात का ध्यान रखना है कि प्रदेश में आर्थिक चक्र भी चलता रहे और किसी की जान भी न जाए। इस बार कोरोना का विस्तार शिक्षण संस्थानों से शुरू हुआ है, इसलिए अधिक सतर्कता बरतने की जरूरत है। कोराना से निपटने के कार्य में वालंटियर, एक्स सर्विस मैन और सक्षम युवाओं को शामिल करें। अधिकारी सभी बैठकें आनलाइन या वेबिनार के जरिए करें ताकि लोगों का आना-जाना कम हो सके।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि कोरोना को फैलने से रोकने के दो तरीके हैं। पहला लॉकडाउन और दूसरा सख्ती। हम लॉकडाउन की बजाय सख्ती कर हालात से निपटना चाहते हैं। पांच हजार से ज्यादा मामले एक दिन में सामने आने पर अब कंटेनमेंट और माइक्रो कंटेनमेंट जोन बनाने होंगे। जिलों में अतिरिक्त बेड की व्यवस्था करें, जरूरत पड़ने पर स्कूल, धर्मशाला में भी बेड लगाएं।
मानवीयता के नाते आंदोलन वापस लें किसान:
मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि आंदोलन करना हर व्यक्ति का सांविधानिक अधिकार है। आंदोलन करने वालों से हमारा कोई विरोध नहीं, लेकिन हर काम का अपना समय होता है। कोरोना के चलते जीवन का संकट हो सकता है, इसलिए आंदोलन के लिए यह समय सही नहीं है। मानवीयता के नाते किसान आंदोलन वापस लें। अगर अपनी किसी मांग के लिए उन्हें धरना या प्रदर्शन करना है तो हालात ठीक होने पर किए जा सकते हैं। उन्होंने डीसी को निर्देश दिए कि वे आंदोलनरत किसानों से संपर्क कर उन्हें मनाने की कोशिश करें।
प्रदेशवासियों से मुख्यमंत्री की अपील
मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे जरूरत पड़ने पर ही घरों से निकलें। जब भी घर से बाहर निकलें, मास्क, सैनिटाइजर और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें। प्रदेश में ऑक्सीजन, वेंटिलेटर और बेड की समुचित व्यवस्था है। लोगों को घबराने की आवश्यकता नहीं है।
रेमडेसिविर की कालाबालारी की जांच करें: विज
अनिल विज ने रेमडेसिविर की कालाबाजारी पर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि इसके लिए ड्रग्स टीमें लगाकर जांच करें। ऐसे समय में भी जो व्यक्ति पैसे कमाने की लालसा रखता है, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। होम आइसोलेशन में रहने वालों की जांच उनके घर जाकर कम से कम दो दिन में एक बार अवश्य की जाए। इसके लिए बाकायदा एप बनाया गया है। रियलिटी चेक जरूर किया जाए।