एनआईए के अधिकारियों की बॉर्डर बेल्ट पर निगरानी
एनआईए दिल्ली के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि आईएसआई ने विशेषकर जम्मू-कश्मीर, पंजाब और राजस्थान में जासूसों के नेटवर्क को फैलाना शुरू कर दिया है। इनके जरिए अब सैन्य ठिकानों, धार्मिक स्थलों के इनपुट जुटाए जा रहे हैं। एनआईए के अधिकारी ने बताया कि बीते दिनों पठानकोट में देखे गए दो संदिग्ध लोगों की जम्मू में जेएंडके पुलिस की मुठभेड़ में मौत हो गई थी, यह दोनों भी आईएसआई के जासूसी नेटवर्क का हिस्सा थे।
ड्रग्स और पैसों का लालच देकर कराई जा रही जासूसी
डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि गुरदासपुर में पकड़े गए दोनों जासूसों को आईएसआई हैंडलरों ने पैसों का लालच देकर जोड़ा था। दोनों से पूछताछ में खुलासा हुआ है कि जिन गांवों में ड्रग्स की समस्या है, वहां के युवाओं को मुफ्त में नशा देकर देशविरोधी काम करवाए जा रहे हैं। डीजीपी ने कहा कि सरहदी इलाके के गांवों में पुलिस युवाओं को जागरूक कर रही है जिसमें विलेज डिफेंस कमेटियों और ग्राम पंचायतों की भी मदद ली जा रही है ताकि उन्हें आईएसआई की कठपुतली बनने से बचाया जा सके।