दिल्ली से यात्रा कर वापस अपने घर जा रहे दंपति से उनके तीन बच्चे बिछड़ गए। आरपीएफ ने पलवल के पांच नंबर प्लेटफॉर्म पर उन्हें बरामद कर उनके माता-पिता को सौंप दिया है।
आरपीएफ इंचार्ज प्रहलाद सिंह ने बताया कि हवलदार हरीश प्लेटफार्म पर गश्त पर थे। तभी प्लेटफार्म पर उन्हें तीन बच्चे रोते हुए दिखाई दिए। जिन्हें अपने साथ चौकी में ले आए और उन्हें खाना खिलाकर उनका नाम पूछा तो, बच्चों ने अपना नाम तमन्ना (8 वर्षीय), दीपक (6 वर्षीय) व मोहिनी (4 वर्षीय) बताया। तमन्ना ने अपने पिता का नाम यूपी के हाथरस के नाऊं नड्डगला निवासी शशीकुमार बताया व मोबाइल नंबर भी बताया।
मोबाइल नंबर के आधार पर फोन द्वारा शशीकुमार से संपर्क साधकर उन्हें पलवल बुलाया गया। जब शशी कुमार पलवल रेलवे स्टेशन पर पहुंचे तो बच्चों ने उन्हें पहचान लिया, बाद में शशीकुमार ने बताया कि वह हाथरस के नाऊनंगला निवासी हैं और अपने तीनों बच्चों व पत्नी के साथ दिल्ली किसी काम से आए थे। दिल्ली रेलवे स्टेशन पर उनसे उनके तीनों बच्चे बिछड़ गए। पुलिस ने अपनी जांच पड़ताल प्रक्रिया करते हुए बच्चों को उनके पिता को सौंप दिया।