महेंद्रगढ़। हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय (हकेंवि) में मालवीय मिशन टीचर ट्रेनिंग प्रोग्राम के अंतर्गत राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 18वें अभिविन्यास और संवेदनशीलता कार्यक्रम का बुधवार को समापन हुआ। ऑनलाइन हुए इस आयोजन में देशभर के विभिन्न उच्च शिक्षण संस्थानों के 120 शिक्षकों व शोधार्थियों ने हिस्सा लिया। कुलपति प्रो. टंकेशवर कुमार ने कहा कि यह आयोजन प्रतिभागियों की उद्यमशीलता को बढ़ाने में मददगार साबित होगा।
समापन सत्र में महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय, रोहतक के पूर्व कुलपति प्रो. बीके पूनिया मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। विवि में मालवीय मिशन टीचर ट्रेनिंग सेंटर (एमएमटीटीसी) के निदेशक प्रो. प्रमोद कुमार व उपनिदेशक प्रो. सुरेंद्र सिंह ने बताया कि ऑनलाइन माध्यम से आयोजित दस दिवसीय इस कार्यक्रम में 16 तकनीकी सत्रों का आयोजन किया गया।
आयोजन में एनआईपीआर, रायबरेली की प्रो. शुभिनी ए सर्राफ, एनसीईआरटी के प्रो. एसके यादव, पूर्व शैक्षणिक अकादमिक प्रो. सरोज बाला, कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के प्रो. आरएस यादव, हकेवि के प्रो. संजीव कुमार, प्रो. सुरेंद्र सिंह व डॉ. श्रीराम पांडेय, एमएमटीटीसी, कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय की निदेशक व विधि विभाग की अध्यक्ष प्रो. प्रीति जैन, श्री माता वैष्णो देवी विश्वविद्यालय के प्रो. सुप्रण कुमार शर्मा, हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय, प्रो. विशाल सूद, यूनिवर्सिटी ऑफ बड़ौदा, वड़ोदरा के डॉ. रमेशचंद्र कोठारी, चिल्ड्रन रिसर्च यूनिवर्सिटी, गांधीनगर व गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय, हिसार के प्रो. नीरज दिलबागी ने विशेषज्ञ के रूप में एनईपी से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर व्याख्यान प्रस्तुत किए।