क्षेत्र के पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों के लिए नारनौल सीएसडी कैंटीन में ग्रॉसरी और लिकर की बुकिंग शुरू कर दी गई है। कैंटीन प्रबंधन की तरफ से टोल फ्री नंबर को शुरू कर दिया गया है, जिसके माध्यम से कार्डधारक अपने टोकन की बुकिंग कर सकते हैं। कैंटीन प्रबंधक मेजर शिव कुमार ने बताया कि सभी भूतपूर्व सैनिकों को अपना मोबाइल नंबर कैंटीन में पंजीकृत करवाना होगा, केवल पंजीकृत मोबाइल नंबर पर ही टोकन जारी किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि माह में एक पंजीकृत मोबाइल पर एक ग्रॉसरी और एक लिकर का ही टोकन दिया जाएगा। ऐसे में अब भूतपूर्व सैनिक किसी भी समय अपना टोकन बुक कर सकते हैं। टोकन बुकिंग के 48 घंटे के अंदर उनको टोकन नंबर, समय और तारीख एसएमएस के माध्यम से भेज दिया जाएगा। अगर किसी उपभोक्ता को 48 घंटे में एसएमएस नहीं मिलता है तो वह नारनौल कैंटीन में संपर्क कर सकता है।
इन टोल फ्री नंबरों पर करवा सकते हैं बुकिंग
उन्होंने बताया कि प्रत्येक माह की 28 तारीख को 9 बजे से अगले माह की बुकिंग आरंभ कर दी जाएगी। कैंटीन प्रबंधक ने बताया कि अप्रैल की बुकिंग के लिए टोल फ्री नंबर 9818895465 पर कॉल करके कार्डधारक अपना टोकन बुक कर सकते हैं। शुक्रवार को टोल फ्री नंबर की लाइनों को चालू कर दिया गया है।
पिछली बुकिंग की रद्द, अब दोबारा करवानी होगी
प्रबंधक मेजर शिव कुमार ने स्पष्ट किया कि 25 मार्च को जिन कार्डधारकों ने बुकिंग करवाई थी उनके टोकन रद्द कर दिए गए हैं। ऐसे में सभी शराब और ग्रॉसरी के उपभोक्ता पिछले बुक हुए टोकन के आधार पर सामान नहीं दिया जाएगा। उनको अब नए सिरे से अप्रैल के लिए बुकिंग करनी होगी। कैंटीन मुख्यालय से निर्देश मिलने के साथ टोकन बुकिंग के आधार पर उसी मोबाइल नंबर पर टोकन का मैसेज भेज दिया जाएगा।
कोरोना प्रोटोकॉल रहेगा अनिवार्य
उन्होंने बताया कि कैंटीन आने वाले सभी उपभोक्ताओं को कोरोना से बचाव के लिए कोरोना प्रोटोकाल का सख्ती से पालन करना होगा। मास्क लगाकर आना अनिवार्य है। साथ ही बुजुर्ग और बीमार पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों को कैंटीन में प्रवेश नहीं मिलेगा। इसके लिए टोकन नंबर प्रवेश द्वार पर चेक किया जाएगा। कैंटीन प्रबंधक मेजर शिव कुमार ने बताया कि कार्डधारकों की सुविधा के लिए टोकन प्रणाली शुरू की गई है। उन्होंने कार्डधारकों से अपील की कि वे बिना टोकन के कैंटीन परिसर में न आएं। टोकन नहीं होने पर किसी भी सूरत में सामान की डिलिवरी नहीं की जाएगी।