फोटो नंबर- 10गांव दौचाना स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में आशा वर्कर व आंगनवाड़ी वर्कर क
नारनौल। लिंगानुपात सुधार और गर्भवती पंजीकरण को लेकर मंगलवार को सीएचसी दोचाना में वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. अंजली सैनी की अध्यक्षता में बैठक हुई।
इसमें पीएचसी की सभी आशा वर्कर, आंगनबाड़ी वर्कर, एएनएम व गांवों के सरपंच और नंबरदारों ने भाग लिया। मीटिंग का मुख्य उद्देश्य लिंगानुपात में सुधार, 10 सप्ताह से पहले गर्भवती महिलाओं का पंजीकरण करवाना और सहेली प्रोग्राम के विषय में बताना था।
डॉ. सैनी ने लड़के और लड़की में भेदभाव को दूर करने और पीएनडीटी कानून के बारे में जानकारी दी। साथ ही एएनसी रजिस्ट्रेशन 10 सप्ताह के अंदर करवाने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि सरकारी हॉस्पिटल दोचाना में 24 घंटे स्टाफ ड्यूटी पर उपस्थित रहता है। यहां प्रसव भी करवाया जाता है।
दोचाना के प्रमुख समाज सेवक दिनेश कुमार सांखला ने इस मुहिम में सहयोग देने की बात कही। डॉ. अमित सिंघानिया ने बताया कि आज लड़के और लड़की में भेदभाव नहीं होना चाहिए है। डॉ. कुदरत ने स्कूलों में बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ विषय को लेकर जन जागरूकता अभियान चलाने की बात कही।
सरपंच शारदा देवी भांखरी ने गर्भवती महिलाओं को जिनके पूर्व में लड़की है, उनका उत्साहवर्धन करने की बात कहीं। इस मौके पर महिला चिकित्सा अधिकारी डॉ. कुदरत, खंड आशा समन्वयक प्रवीण शर्मा, नरेश फार्मेसी ऑफिसर, विनोद, मोहित यादव व रामसिंह नंबरदार सहित अनेक लोग मौजूद रहे।