राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय धनौंदा में कार्यरत चपरासी ने सोमवार को अज्ञात कारणों के चलते नहर में कूदकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने शव को निकलवाकर नागरिक अस्पताल महेंद्रगढ़ पहुंचाया, जहां पर शव का पोस्टमार्टम करवा परिजनों को सौंप दिया।
पुलिस को दिए बयान में गांव सेहलंग निवासी अशोक कुमार ने बताया कि उसका भाई विकास (26) दिव्यांग था और तीन सालों से राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय धनौंदा में बतौर चपरासी के पद पर कार्य कर रहा था। सोमवार सुबह वह स्कूल में गया था। बीमार होने की वजह से वह स्कूटी पर दवा लेने के लिए गया था। उसने अज्ञात कारणों के चलते आत्महत्या कर ली। वहां से गुजर रहे ग्रामीण ने स्कूटी नहर के पास खड़े होने की सूचना परिजनों को दी। मौके पर परिजन पहुंचे। इसके बाद उन्होंने पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने मृतक के भाई अशोक कुमार के बयान पर इत्तफाकिया मौत मामले की कार्रवाई की है।