कनीना। आंगनबाड़ी केंद्र बचीनी में आयोजित ग्राम स्वास्थ्य व पोषण दिवस की मासिक बैठक में किशोरावस्था के दौरान समुचित देखभाल पर विस्तार से चर्चा की गई। वक्ताओं ने बताया कि किशोरावस्था एक महत्वपूर्ण चरण होता है जिसमें शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक रूप से परिपक्वता आती है।
इस दौरान संतुलित पोषण, नियमित व्यायाम, पर्याप्त नींद और मानसिक स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देना आवश्यक है। साथ ही माता-पिता और किशोरों के बीच खुला व सकारात्मक संवाद स्वस्थ व्यक्तित्व निर्माण में सहायक होता है।
पोषण संबंधी देखभाल पर चर्चा करते हुए बताया गया कि किशोरों को फल, सब्जियां, साबुत अनाज, आयरन, फोलिक एसिड, विटामिन-सी व प्रोटीन युक्त आहार अवश्य लेना चाहिए, जिससे एनीमिया जैसी समस्याओं से बचाव हो सके। नियमित व्यायाम से तनाव कम होता है और अच्छी नींद आती है। परिवार में खुली बातचीत से आपसी जुड़ाव मजबूत होता है।
किशोरों को छोटी-छोटी जिम्मेदारियां देकर उनमें आत्मविश्वास विकसित किया जा सकता है। साथ ही डिजिटल उपकरणों और मीडिया के संतुलित उपयोग के लिए परिवार स्तर पर नियम तय करने की सलाह दी गई। बैठक में असुरक्षित यौन संबंधों, अवांछित गर्भधारण, शराब व अन्य नशीले पदार्थों के दुरुपयोग से दूर रहने का संदेश भी दिया गया।
इस अवसर पर सुपरवाइजर मंजू देवी, आंगनबाड़ी वर्कर मिथिलेश, सुनीता, माया देवी, आशा वर्कर सुमन देवी, पिंकी देवी, भगोती देवी, शकुंतला सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहीं।