दिल्ली के आईएसबीटी पर हरियाणा रोडवेज कर्मचारी की कथित बेइज्जती के बाद हुई मौत के विरोध में वीरवार को करीब एक बजे नारनौल रोडवेज कर्मचारियों ने कार्यशाला के मुख्य गेट को ताला कर चक्का जाम कर दिया। इस दौरान जैसे रोडवेज कर्मचारियों को घटना की सूचना मिली तो एक के बाद एक कर बसें स्टैंड के बाहर नकर खड़ी कर मुख्य मार्ग पर जाम लगा दिया। इससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। रोडवेज का चक्का जाम करीब ढाई घंटे तक चला।
रोडवेज के प्रदेशाध्यक्ष बाबूलाल यादव के अनुसार हरियाणा रोडवेज में परिचालक सुरेंद्र सिंह दिल्ली के आईएसबीटी पर एडवांस बुकिंग काउंटर पर ड्यूटी पर तैनात था। वीरवार को एक्सेस कैश को लेकर आईएसबीटी पर तैनात अधिकारी ने कर्मचारी के कपड़े उतरवाकर तलाशी ली, लेकिन कर्मचारी के पास से कोई कैश नहीं मिला। परंतु कर्मचारी के कपड़े उतारने का अपमान भूल नहीं सका और इसी दौरान उसकी मौत हो गई।
यातायात रहा प्रभावित
नारनौल बस स्टैंड पर आने वाली नारनौल डिपो की बसों को चालकों ने स्टैंड के अंदर की बजाय सड़क के किनारे व बस स्टैंड के सामने ही खड़ी कर दी। इसके चलते कई घंटे तक यातायात प्रभावित रहा। इससे वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
-मौके पर मौजूद रहा पुलिस बल
रोडवेज कर्मचारियों द्वारा किए गए चक्का जाम के दौरान किसी भी प्रकार अप्रिय घटना से निपटने के लिए शहर थाना प्रभारी साधूराम पुलिस बल के साथ नारनौल बस स्टैंड पर तैनात रहे।
-यात्रियों को हुई भारी परेशानी, लंबी लाइन भी लगी
चक्का जाम के कारण यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं बस स्टैंड के बाहर लगे जाम के कारण वाहनों की कतार दोनों ओर मोहिनी गली तक पहुंच गई। जिसके कारण इस मुख्य मार्ग पर आने-जाने वाले लोग दो से ढाई घंटे तक परेशान रहे।
-बसों से नीचे उतारा सवारियों को
टिकट लेकर बस स्टैंड के अंदर राज्य परविहन की बसों में बैठे यात्रियों को भी आंदोलन होने पर रोडवेज कर्मियों ने नीचे उतार दिया। जिससे यात्रियों को कुछ देर तक समझ नहीं आया की यह क्या हो रहा है। टिकट लेकर बैठी सवारियों ने इसका विरोध जताते हुए टिकट के पैसे वापस करने की बात कही। इसके बाद कर्मचारियों ने कुछ देर बाद सवारियों को टिकट के पैसे वापस कर दिए।
-छात्राओं को भी हुई परेशानी
चक्का जाम के कारण यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा विशेषकर छात्राओं को जो कि सरकार की योजना अनुसार रोडवेज में निशुल्क यात्रा करती हैं। वीरवार को बीए, बीएससी प्रथम ईयर का अंग्रेजी विषय का पेपर था। जिसके कारण गांव से आने वाले विद्यार्थी दोपहर साढ़े बारह बजे पेपर समाप्त होने के बाद बस स्टैंड पर आ गए थे। लेकिन एक बजे चक्का जाम होने के कारण उनको दो-तीन घंटे बस नहीं मिली। इसके चलते यात्रियों व विद्यार्थियों को मजबूरन निजी वाहनों का सहारा लेना पड़ा।
अधिकारियों के आश्वासन के बाद बहाल की हड़ताल
मामले की सूचना पाकर नारनौल एसडीएम सुरेश कासवां व रोडवेज जीए सुरेंद्र यादव चक्का जाम कर रहे कर्मचारियों से मिले तथा उन्हें जानकारी दी कि कर्मचारियों की मांग पर दिल्ली आईएसबीटी पर तैनात उक्त अधिकारी को तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। इसके अलावा उसके खिलाफ उचित कार्रवाई की जा रही है। अधिकारियों के आश्वासन के बाद कर्मचारियों ने हड़ताल को बहाल कर दिया।