नारनौल। महेंद्रगढ़ के कनीना में स्कूल हादसे के बाद राज्य सरकार ने निजी स्कूलों पर सख्त रूप अपना रखा है। वहीं हरियाणा सरकार परिवहन विभाग में किलोमीटर स्कीम की बसों पर लगाए जा रहे चालकों पर ध्यान रही दिया जा रहा है।
नारनौल डिपो प्रधान अनिल भीलवाड़ा ने बताया कि नारनौल डिपो में किलोमीटर स्कीम की बसों में अनुभवहीन चालकों द्वारा सवारियों व परिचालकों की जान जोखिम में डाली जा रही है। उन्होंने बताया कि इन किलोमीटर स्कीम की बसों पर कार्यरत चालकों का परिवहन विभाग के किसी भी अधिकारियों की कमेटी द्वारा न तो रोड टेस्ट लिया जा रहा है और न ही डग टेस्ट और जिग-जैग टेस्ट लिया जा रहा है। इसके कारण दुर्घटना घटित हो रही है। उन्होंने बताया कि इन अनुभवहीन चालकों के कारण कई परिचालक तो विकलांग भी हो गए है। इसलिए सरकार को किलोमीटर स्कीम की बसों की जगह रोडवेज बसों को परिवहन विभाग के बेड़े में शामिल करना चाहिए ताकि आम जनता को परिवहन की बेहतरीन सुविधा व युवाओं को स्थाई रोजगार मिल सके।