शराब तस्करी की सूचना पर मेघनवास चौक पहुंची पुलिस टीम पर हमला करने के चार आरोपियों को मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने हमले में प्रयोग की गई दो गाड़ियों को भी कब्जे में लिया है। बुधवार को आरोपियों को अदालत में पेश किया जाएगा।
जानकारी के अनुसार कनीना थाना में तैनात सिपाही आकाशदीप ने बताया कि वह अपने साथी पंकज के साथ ड्यूटी पर थे। प्रदेश सरकार ने लॉकडाउन के चलते शराब बिक्री पर रोक लगाई है। 5 अप्रैल को उन्हें सूचना मिली कि कुछ लोग गांव भोजावास, दौंगडा अहीर में शराब बेच रहे हैं। जिस पर हम निजी गाड़ी में सवार होकर करीब 6 बजे मेघनवास चौक पर पहुंचे। शराब के ठेके के बाहर एक व्यक्ति खड़ा था। जो ग्राहक आने पर ठेके का ताला खोलकर शराब बेच रहा था। सिपाही आकाशदीप ने बताया कि उन्होंने नकली ग्राहक बनकर शराब की बोतल
मांगी। वह व्यक्ति ठेके का ताला खोलकर अंदर चला गया। जब वह शराब की बोतल ले कर बाहर आया तो हमने अपना परिचय दिया। पहचान पत्र दिखाया। जिस पर आरोपी धक्का देकर ठेके के अंदर चला गया। अंदर से जाली बंद कर ली । हमने भी सुरक्षा के लिए बाहर लटके हुए ताले को बाहर से बंद कर दिया। पुलिस मदद के लिए थाना में तथा सुरक्षा शाखा को फोन किया। इसी दौरान सेल्समैन ने ठेके के अंदर से फोन करके अपने ठेकेदार को बुला लिया । कुछ देर बाद एक सफेद रंग की बिना नंबर की बोलेरो गाड़ी , एक सफेद रंग की बोलरो कैम्पर , एक स्विफ्ट डिजायर, एक मोटर साईकल , एक स्कूटी पर सवार होकर करीब 20-25 लोग पहुंचा। इन लोगों ने हमारे साथ मारपीट शुरू कर दी। ईंट व पत्थरों से मारने लगे।
आकाशदीप ने बताया कि पकंज ने अपनी जान बचाने के लिए अपनी आत्मरक्षा मे अपनी सरकारी पिस्टल से एक हवाई फायर किया तो उपरोक्त व्यक्तियों ने पीछे हटकर ठेके का ताला तोड़ दिया। ठेके अंदर रखी करीब 20/25 शराब की पेटियों को व सेल्समैन को निकालकर बोलरो के जरिए वहां से निकाल दिया। महेंद्रगढ़ थाना पुलिस ने मंगलवार को आरोपी अंकित, दीपक, प्रवीण, अरूण को गिरफ्तार कर लिया है। मौके से एक कैंपर गाड़ी, एक बोलेरो गाड़ी को बरामद किया है। बोलेरो को क्रेन के जरिए थाने लाया गया।
इस मामले के चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। बुधवार को आरोपियों को अदालत में पेश किया जाएगा। आरोपियों पर विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। दो वाहनों को भी कब्जे में लिया गया है।
नवल किशोर, थाना प्रभारी, महेंद्रगढ़।