फोटो 5 बारिश के अभाव में बाजरे की खराब होती फसल।संवाद
मंडी अटेली। क्षेत्र में मानसून की अच्छी शुरुआत हुई थी, लेकिन अब दस दिन से बारिश नहीं होने से 15 से अधिक गांवों में फसल मुरझाने लगी है। पत्ते पीले होकर झड़ने लगे हैं।
क्षेत्र में अधिकतर बाजरे और कपास की फसल ही उगाई जाती है। रामसिंह, सुरेश कुमार, बलवीर सिंह, रामकिशन, रामनारायण, शिवा आदि किसानों का कहना है कि समय पर मानसून की बारिश होने पर अच्छी पैदावार की उम्मीद थी, लेकिन अब बारिश नहीं होने के कारण फसलें खराब होने लगी हैं। किसानों ने बताया कि खरीफ की फसल बारिश पर आधारित है।
रबी की फसल में काफी मात्रा में पानी की जरूरत होती है, लेकिन उस समय किसान ट्यूबवेल या अन्य साधनों का उपयोग करके फसलों को पानी देते हैं। किसान दयाराम, नरेंद्र कुमार ने कहा कि फसल की समय पर बिजाई की थी, लेकिन अब बारिश नहीं होने के कारण फसलें मुरझाने लगी है। किसान भोपाल सिंह, सुमेर सिंह, अजीत सिंह, जितेंद्र यादव ने कहा कि इस समय फसल को पानी की सबसे ज्यादा जरूरत है।