नारनौल। बिजली कर्मचारियों की दो दिन की हड़ताल खत्म होते ही जिले में बिजली की मांग तेजी से बढ़ गई है। शनिवार को जिले में बिजली खपत 98 प्रतिशत उछलकर 294 मेगावाट तक पहुंच गई। हड़ताल के दौरान गांव से लेकर शहर तक ब्लैकआउट जैसे हालात बने रहे थे।
हड़ताल खत्म होने के बाद जन-जीवन पटरी पर लौटा तो बिजली की मांग ने रफ्तार पकड़ ली। सबसे ज्यादा असर ग्रामीण इलाकों में दिखा। सरसों की बिजाई से पहले किसान प्लाव के लिए परेशान थे और खेत सूखे पड़े थे। आपूर्ति बहाल होते ही सिंचाई कार्य शुरू हुआ, जिससे लोड में भी बढ़ोतरी हुई।
अनुमान है कि अगले दो से चार दिन तक जिले में बिजली की खपत करीब 60 लाख यूनिट रोजाना बनी रह सकती है। सामान्य तौर पर अक्तूबर के अंत में यह खपत 50 से 55 लाख यूनिट के आसपास रहती है।
प्रदेश में 35 प्रतिशत बढ़ी खपत
हड़ताल खत्म होने के बाद शनिवार को पूरे प्रदेश में बिजली की कुल खपत 35 प्रतिशत बढ़ गई। उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (यूएचबीवीएन) में खपत 33 प्रतिशत बढ़कर 3415 मेगावाट पर पहुंच गई। वहीं दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम (डीएचबीवीएन) में 37 प्रतिशत की छलांग के साथ यह आंकड़ा 5435 मेगावाट तक पहुंच गया। हड़ताल के दौरान यूएचबीवीएन में खपत 2265 मेगावाट और डीएचबीवीएन में 3421 मेगावाट तक सिमट गई थी। इस दौरान नारनौल, नूंह और कुरुक्षेत्र में सबसे लंबे समय तक बिजली आपूर्ति बाधित रही थी।
-
उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम
(हड़ताल के दौरान ) (हड़ताल के बाद )
सर्कल
लोड (मेगावाट) लोड (मेगावाट)
अंबाला
98 141
यमुना नगर 174 275
कुरुक्षेत्र
54 104
करनाल 326 478
पानीपत
238 456
सोनीपत
543 705
कैथल 99
221
रोहतक
218 276
झज्जर
278 395
पंचकूला
146 193
दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम
(हड़ताल के दौरान ) (हड़ताल के बाद )
सर्कल
लोड (मेगावाट) लोड (मेगावाट)
हिसार
191 199
भिवानी
221 694
सिरसा
81 338
नारनौल
04 294
जींद
18 243
रेवाड़ी
267 430
पलवल
138 203
फरीदाबाद
667 958
गुरुग्राम
1611 1662
नूंह
57 185
फतेहाबाद 83
292
-
वर्जन :
शाम के समय हड़ताल समाप्त होने के बाद रात करीब 10:30 बजे तक क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई थी। अब बिजली आपूर्ति सुचारू बनी हुई है और बिजली आपूर्ति संबंधित शिकायतों को निपटान किया जा रहा है। -मोहम्मद अजहरूद्दीन, शहरी एसडीओ, बिजली निगम, नारनौल।