फोटो 6 रेडक्रॉस नारनौल में साइबर अपराध के बारे में जानकारी देते पुलिस।स्रोत प्रवक्ता
नारनौल। रेडक्रॉस कार्यालय नारनौल में साइबर अपराध जागरूकता का आयोजन किया गया। इसका मुख्य उद्देश्य युवाओं को साइबर अपराधों के खिलाफ जागरूक करना है। बैंक ओटीपी और खाते से जुड़ी गोपनीय जानकारी को किसी के साथ साझा न करने की सलाह दी गई।
साइबर थाना की पुलिस टीम ने युवाओं को साइबर अपराधों और बचाव के उपाय बताए। एसआई इंद्रजीत ने डिजिटल अरेस्ट के बारे में बताया कि भारतीय कानून में डिजिटल अरेस्ट का कोई प्रावधान नहीं है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि कहा कियदि कोई व्यक्ति स्वयं को पुलिसकर्मी बताकर डिजिटल अरेस्ट करने की बात कहे, तो वे उसकी बातों में न आएं। ऐसे संदिग्ध नंबरों को ब्लॉक कर दें या फोन न उठाएं।
कहा कि बैंक ओटीपी और खाते से जुड़ी गोपनीय जानकारी को किसी के साथ साझा न करें। साथ ही, किसी भी संदिग्ध संदेश (मैसेज) को ना खोलें। पीड़ितों को तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल कर शिकायत दर्ज कराने के लिए कहा गया।