फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दो दिन में जिला मुख्यालय की मांग नहीं मानी तो बार एसो. 23 से करेगी हड़ताल

विज्ञापन
विज्ञापन
बार एसोसिएशन के सदस्यों ने महेंद्रगढ़ में जिला मुख्यालय स्थापित कराने की मांग को लेकर आंदोलन का एलान किया है। बार एसोसिएशन ने कहा जिले का नाम बदलने की साजिश को कामयाब नहीं होने दिया जाएगा। बार प्रतिनिधि मंडल जिला मुख्यालय की मांग को लेकर सीएम के नाम प्रेषित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा।
विज्ञापन

बार एसोसिएशन में मीटिंग शुक्रवार को प्रधान अजीत यादव की अध्यक्षता में हुई, जिसमें महेंद्रगढ़ जिले के नाम बदलने की प्रक्रिया पर रोष जताया। बार ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि जिला मुख्यालय को लेकर मुहिम चलाएंगे। हरियाणा में सबसे पुराने सात जिलों में शामिल रहे महेंद्रगढ़ जिले में आज तक जिला मुख्यालय की स्थापना नहीं हो सकी। जिला मुख्यालय के लिए क्षेत्र के लोग आंदोलन कर चुके हैं। पिछले वर्ष बार एसोसिएशन ने इसके लिए आंदोलन चलाया था। बार एसोसिएशन पुरजोर महेंद्रगढ़ में जिला मुख्यालय की स्थापना के लिए दोबारा से आंदोलन करेगी।
बार प्रधान अजीत यादव ने बताया कि 2019 में विधानसभा चुनाव से पहले बार के प्रतिनिधि मंडल ने सीएम मनोहरलाल के साथ मुलाकात की थी, जिसमें मुख्यमंत्री ने हमें आश्वासन दिया था कि विधानसभा चुनाव के बाद इस मांग पर सहानुभूति पूर्वक विचार किया जाएगा। एक साल बाद भी इस पर कोई भरोसा नहीं दिया गया। सरकार इस मामले को लेकर गंभीर नहीं है। अब जिले के नाम को बदलने की प्रक्रिया चल रही है। जिसे किसी सूरत में पूरा नहीं होने दिया जाएगा। दो दिन में सरकार जिला मुख्यालय को लेकर अपना फैसला बताए। सरकार की ओर से निर्णय नहीं किया गया तो 23 नवंबर से बार एसोसिएशन हड़ताल शुरू करेगी। बार एसोसिएशन ने सीएम के नाम प्रेषित ज्ञापन एसडीएम विश्राम कुमार मीणा को सौंपा।
विज्ञापन

2019 में बार ने किया था आंदोलन
बार एसोसिएशन महेंद्रगढ़ ने वर्ष 2019 में जुलाई महीने से आंदोलन शुरू किया था। जिसमें जिला मुख्यालय, फैमिली कोर्ट, एडीजे कोर्ट की मांग को लेकर हड़ताल की थी। जिसमें महेंद्रगढ़ शहर ने पूर्ण बंद कर समर्थन किया था। भाजपा को छोड़कर सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि भी इस बंद में पहुंचे थे। बार ही हड़ताल खत्म कराने के लिए तात्कालिक पीडब्ल्यूडी मंडी राव नरबीर, शिक्षामंत्री रामबिलास शर्मा मौके पर पहुंचे थे। 31 अगस्त 2019 को सीएम मनोहरलाल की रथयात्रा नारनौल पहुंची थी। तब बार के प्रतिनिधि मंडल ने सीएम से मुलाकात की थी।
रविवार को गांव के अड्डों पर जताएं विरोध
सामाजिक संगठन श्रीसुंडाराम ट्रस्ट ने जिले का नाम बदलने के खिलाफ 22 नवंबर को गांवों में विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया है। ट्रस्ट के प्रधान संदीप मालड़ा ने कहा कि जिले के सभी गांवों के लोग अपने बस अड्डों पर एकत्र होकर विरोध जताएं। सुबह 11 से 11.30 बजे तक विरोध प्रदर्शन करें। इसके लिए गांवों के युवाओं से संपर्क किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें