लाडवा। गांव बन में दिनदहाड़े स्कूल से ई-रिक्शा में घर लौट रहे अपहरण किए गए सात वर्षीय मासूम का दूसरे दिन भी पुलिस को कोई सुराग नहीं मिला। घटना 30 अक्तूबर की दोपहर करीब 2:10 बजे की है। पुलिस जांच में सामने आया है कि अपहरण करने वाला कोई और नहीं बल्कि बच्चे की मां से अलग रह रहा उसका पिता ही है।
पुलिस ने आशु सहित चार अज्ञात आरोपियों के खिलाफ अपहरण का मामला दर्ज किया है। डीएसपी रणधीर सिंह के नेतृत्व में सीआईए की तीन टीमें लगातार जांच में जुटी हैं। आरोपी के गांव में दो बार दबिश दी गई लेकिन वह बच्चे सहित फरार है। परिजनों ने बच्चे के चाचा की गिरफ्तारी की मांग की है, क्योंकि अपहरण चाचा की स्विफ्ट कार से किया गया।
ई-रिक्शा चालक गुरमेज सिंह ने बताया कि वह छह बच्चों को लेकर घर लौट रहा था। गांव के चौराहे पर स्विफ्ट कार ने रास्ता पूछने के बहाने रिक्शा रुकवाया। इसी दौरान एक युवक ने बच्चे को उठाकर कार में डाल दिया और हथियार दिखाकर रादौर की ओर भाग गए।
बच्चे की मां ममता डेढ़ साल से मायके में रह रही है। 2016 में हुई शादी के बाद पति की मारपीट से तंग आकर उसने कोर्ट में केस दर्ज कराया था। मां अपहरण के दिन अपनी मौसी के पास गई थी। लौटकर बच्चे के अपहरण की खबर सुनकर वह रो-रोकर बेसुध हो गई। ममता का कहना है कि पहले जिंदगी खराब की, अब बच्चा छीन रहा है। डीएसपी रणधीर सिंह ने कहा कि पुलिस की तीन टीमें लगी हुई हैं। थाना प्रभारी व सीआईए टीमें लगातार आरोपी पिता के घर पर दबिश दे रही हैं, जल्द ही बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया जाएगा व पिता को काबू करके आगे की कार्रवाई की जाएगी।