शाहाबाद। पत्रकारों से बातचीत करते सांसद वरूण चौधरी। संवाद
शाहाबाद। अंबाला से सांसद वरुण चौधरी ने विधायक रामकरण के निवास पर जाकर उनके भाई के निधन पर शोक व्यक्त किया और परिजनों को सांत्वना दी। इसके बाद सांसद वरुण चौधरी ने पत्रकारों से बातचीत में केंद्र व प्रदेश की भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला।
सांसद ने कहा कि भाजपा की तानाशाही नीतियों के कारण मनरेगा योजना पूरी तरह से फेल हो चुकी है। उन्होंने आंकड़े पेश करते हुए बताया कि हरियाणा प्रदेश में लगभग आठ लाख मजदूरों ने मनरेगा के तहत काम की मांग की थी लेकिन सरकार केवल 2100 लोगों को ही 100 दिन का रोजगार उपलब्ध करा सकी। यह सरकार की नीयत और नीति दोनों पर सवाल खड़े करता है। उन्होंने कहा कि संसद में विपक्ष के सांसदों को बोलने तक का अधिकार नहीं दिया जा रहा। नियमों में जितना समय निर्धारित है, उससे भी कम समय विपक्ष को दिया जाता है, जो लोकतंत्र के लिए बेहद खतरनाक संकेत है।
विपक्ष की भूमिका में मुद्दा उठा रहे राहुल गांधी जैसे सांसदों का माइक बंद कर दिया जाता है। वरुण चौधरी ने हरियाणा में पेंशनों में की जा रही कटौती, बिगड़ती कानून-व्यवस्था और पंजाब से हरियाणा के हिस्से का पानी नहीं मिलने जैसे मुद्दों को भी उठाया।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में अपराध बढ़ रहे हैं लेकिन सरकार आंखें बंद किए बैठी है। मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए सांसद ने कहा कि हरियाणा के मुख्यमंत्री को प्रदेश की कोई चिंता नहीं है। राहुल गांधी की ओर से सांसद रवनीत बिट्टू को गद्दार कहे जाने के सवाल पर वरुण चौधरी ने कहा कि यह दो सांसदों के बीच की आपसी बातचीत थी, इस मुद्दे को बेवजह तूल नहीं दिया जाना चाहिए।
शाहाबाद। पत्रकारों से बातचीत करते सांसद वरूण चौधरी। संवाद