संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। ओमिक्रॉन की दस्तक के बाद फीकी पड़ी कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय सहित जिलेभर के शिक्षण संस्थानों की रौनक फिर लौट रही है। सरकार के फैसले के बाद आज से कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय, 15 निजी व राजकीय महाविद्यालय, कक्षा 10वीं से 12वीं तक के विद्यालय और तकनीकी शिक्षण संस्थान खुलने जा रहे हैं। शिक्षण संस्थान खुलने से विद्यार्थियों एवं अभिभावकों को चेहरे खिल उठे हैं।
उधर, शिक्षण संस्थान खोलने से पहले कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय प्रशासन, जिला शिक्षा विभाग, महाविद्यालय, आईटीआई के प्राचार्यों एवं निजी स्कूल संचालकों द्वारा तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। शिक्षण संस्थानों को सैनिटाइज कराया गया। शिक्षण संस्थानों में कोविड गाइडलाइन का पालन हो इस संदर्भ में संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को दिशा-निर्देश दिए गए हैं। बताया गया कि शिक्षण संस्थानों का संचालन विद्यार्थियों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए तथा कोरोना को लेकर जारी दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए किया जाएगा। विद्यार्थियों के लिए टीकाकरण का प्रमाणपत्र व मास्क अनिवार्य किया गया है। टीकाकरण का प्रमाणपत्र देखने के बाद ही विद्यार्थी को शिक्षण संस्थान में एंट्री दी जाएगी।
बता दें कि कोविड काल में शिक्षण संस्थान बंद होने के कारण शिक्षा का स्तर लगातार गिरता जा रहा है। ओमिक्रॉन की दस्तक के बाद सरकार ने सभी शिक्षण संस्थान बंद करने का एलान कर दिया था, जिसके विरोध में विभिन्न छात्र संगठनों से जुड़े विद्यार्थियों ने रोष प्रदर्शन कर न केवल कुलपति को ज्ञापन सौंपा, बल्कि जिला नगराधीश को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपकर शिक्षण संस्थान जल्द खोलने की मांग उठाई थी। छात्र नेता विकास बलाही का कहना है कि विद्यार्थी ऑनलाइन पढ़ाई से बोर हो चुके हैं। सरकार ने विद्यार्थियों के हितों को देखते हुए सराहनीय कदम उठाया है।
विद्यार्थियों को लाना होगा अनुमति पत्र : आश्री
जिला शिक्षा अधिकारी अरुण आश्री का कहना है कि विभाग की ओर से सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। बिना टीकाकरण वालों को स्कूल में प्रवेश नहीं मिलेगा। स्कूल में प्रवेश के लिए कक्षा 10वीं व 12वीं के विद्यार्थियों को अपने माता-पिता से लिखित में अनुमति लेकर आनी होगी।