पानीपत। शहर में अवैध रूप से होर्डिंग और बोर्ड लगाने के साथ अन्य कई तरीके से निगम को चूना लगाया जा रहा है। निगम से एक तरफ विज्ञापन लेने का ठेका लेकर दोनों तरफ विज्ञापन लगाए जा रहे हैं। शहर में इस तरह की करीब 10 जगह हैं। निगम अधिकारियों के साथ साठगांठ कर इस खेल को अंजाम दिया जा रहा है। अधिकारी मामला सामने आने के बाद भी किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।
नगर निगम में अब 60 होर्डिंग लगाने की बात कही जा रही है। जबकि शहर में करीब 200 होर्डिंग और बोर्ड लगाए जा रहे हैं। होर्डिंग और बोर्ड लगाने के मामले में एक और बात सामने आई है। शहर में लगाए गए होर्डिंग में कई की एक हिस्से में विज्ञापन लगाने की बोली दी गई है। जबकि विज्ञापन दोनों तरफ लगाए जा रहे हैं। एक अपुष्ट सूत्र ने बताया कि इस खेल में निगम के अधिकारियों को पूरी जानकारी है। वे इन सबको अनदेखा कर रहे हैं। ऐसे में किसी प्रकार की सख्त कार्रवाई भी नहीं की जा रही है। ऐसे में इस तरह का काम आराम से किया जा रहा है। एक होर्डिंग पर ही निगम को लाखों रुपये का नुकसान हो रहा है।
ठेकेदार बोले किराया पूरा तक मुश्किल हुआ
नगर निगम के ठेकेदार संजीव मलिक ने बताया कि शहर में नगर निगम से 60 स्थान होर्डिंग के लिए किराये पर लिए गए हैं। इनका निगम को नियमानुसार किराया जमा कराया जाता है। उनको इसके लिए भी लोगों से संपर्क करना पड़ता है और तब जाकर होर्डिंग का काम मिलता है। शहर में अवैध होर्डिंग नहीं लगाए जा रहे हैं। ये सब नियमानुसार लगाए गए हैं।
शहर में नियमानुसार होर्डिंग का ठेका दिया गया है। निर्धारित स्थानों पर होर्डिंग लगाए गए हैं। एक हिस्से का ठेका लेकर दूसरी तरफ भी विज्ञापन लगाने की जानकारी नहीं है। ऐसा कोई होर्डिंग है तो उसकी जांच की जाएगी।
- दीपक राणा, एमई, नगर निगम।
जाटल रोड पर लगे होर्डिंग। संवाद