कुरुक्षेत्र। लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं देने के लिए विभाग की ओर से प्राथमिक और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खोले गए हैं लेकिन ये केंद्र चिकित्सकों की कमी के कारण महज रेफरल सेंटर बनकर रह गए हैं। इससे न केवल मरीजों को खामियाजा भुगतना पड़ रहा है बल्कि जिला नागरिक अस्पताल पर भी अनावश्यक बोझ बढ़ रहा है। इससे यहां पर भी स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं।
ऐसे में अब जिला नागरिक अस्पताल के चिकित्सा अधिकारी भी अब हाथ खड़े करने लगे हैं। उन्होंने बारना, झांसा, बाबैन व मथाना स्वास्थ्य केंद्रों का हवाला देते हुए न केवल स्वास्थ्य अधिकारियों की भर्ती किए जाने की मांग की है बल्कि इस संबंध में जिला सिविल सर्जन से लेकर, विभाग के महानिदेश, स्वास्थ्य मंत्री व मुख्यमंत्री को भी पत्र भेजा गया है।
चिकित्सक उपलब्ध नहीं का हवाला देकर रेफर किए जा रहे मरीज
जिला नागरिक अस्पताल के चिकित्सा अधिकारियों ने कहा कि पिछले चार से पांच माह से इन केंद्रों से मरीजों को रेफर करने के मामले अधिक बढ़े हैं, जिनके पीछे चिकित्सक उपलब्ध न होने का ही हवाला दिया जा रहा है। यहां तक कि एमएलआर व सामान्य प्रबंधन के लिए भी मरीजों को रेफर किया जा रहा है।
आपात विभाग में मरीजों के इलाज पर भी पड़ रहा असर
चिकित्सा अधिकारियों का कहना है कि जिला नागरिक अस्पताल में पहले ही चिकित्सकों की कमी है और इस तरह से मरीज रेफर होने से अनावश्यक बोझ भी बढ़ रहा है। यहां तक कि आपात विभाग में तैनात चिकित्सक पहले ही गंभीर मरीजों के उपचार में व्यस्त रहते हैं। ऐसे में एमएलआर व अन्य गैर आपात मरीजों को यहां रेफर करने से चिकित्सकों पर कार्यभार बढ़ रहा है तो यहां मरीजों का इलाज भी प्रभावित होता है।
ये उठाईं मांगें
- जिला अस्पताल के आपात विभाग में चिकित्सकों की संख्या बढ़ाई जाए।
- सभी संबंधित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर नियमित चिकित्सक उपलब्धता कराई जाए।
- नर्सिंग अधिकारियों की ओर से बिना उचित चिकित्सीय परामर्श के रेफर करने पर नियंत्रण किया जाए।
- केवल आवश्यक व उचित मामलों में ही मरीजों को रेफर किया जाए।
- एमएलआर व सामान्य मामलों का निपटारा स्वास्थ्य केंद्रों पर ही किया जाए।
64 चिकित्सकों की मांग सरकार को भेजी : सीएमओ
सीएमओ डॉ. सुखबीर सैनी ने कहा कि 64 चिकित्सकों की मांग सरकार को भेजी हुई है। उम्मीद है कि जल्द पूरी होगी। इसके बाद स्वास्थ्य केंद्रों पर और बेहतर व्यवस्था बन पाएगी। फिलहाल 116 चिकित्सक काम कर रहे हैं। प्रयास किए जा रहे हैं कि मरीजों को सही और उचित इलाज व सुविधाएं मिल सकें।
कुरुक्षेत्र। जिला नागरिक अस्पताल के आपात वार्ड का बाहरी दृश्य। संवाद