संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डॉ. कविता कंबोज की अदालत ने लाडवा थाने में दर्ज हत्या प्रयास, मारपीट, घर में घुसने और एससी-एसटी एक्ट सहित गंभीर धाराओं के तहत दर्ज एक मामले में सभी 10 आरोपियों को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया है।
अभियोजन पक्ष के अनुसार शिकायतकर्ता मुकेश कुमार ने आरोप लगाया था कि एक मामूली विवाद के बाद आरोपियों ने उनके घर में घुसकर परिवार पर धारदार हथियारों, डंडों और अन्य हथियारों से हमला किया था, जिससे कई लोग घायल हुए थे।
मुकदमे की सुनवाई के दौरान मुख्य शिकायतकर्ता मुकेश कुमार सहित सभी महत्वपूर्ण गवाह सुदेश, सविता, रिखी राम और राजेश कुमार अपने बयान से पलट गए और उन्होंने आरोपियों की पहचान करने से इनकार कर दिया। अदालत ने रिकॉर्ड किया कि किसी भी गवाह ने अभियोजन पक्ष के समर्थन में एक भी आपराधिक तथ्य नहीं बताया। अदालत ने कहा कि चश्मदीद गवाहों के मुकर जाने के बाद अभियोजन का आधार ही समाप्त हो गया है। केवल पुलिस गवाह और औपचारिक साक्ष्य आरोप सिद्ध करने के लिए पर्याप्त नहीं हैं।