कुरुक्षेत्र। श्री महावीर जैन पब्लिक स्कूल में सीबीएसई क्षमता निर्माण कार्यक्रम के तहत शिक्षकों को तीन घंटे तक आधुनिक शिक्षण और मूल्यांकन पद्धतियों का प्रशिक्षण दिया गया। इस प्रशिक्षण सत्र में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के अधिष्ठाता प्रो. राकेश कुमार ने शिक्षकों को कम्प्यूटेशनल चिंतन तथा कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित शिक्षण और मूल्यांकन की नवीन अवधारणाओं से अवगत कराया। साथ ही विद्यार्थियों में तार्किक चिंतन, समस्या समाधान क्षमता और नवाचार की सोच विकसित करने के प्रभावी उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई।
प्रो. राकेश कुमार ने कहा कि वर्तमान समय में विद्यार्थियों को केवल विषय ज्ञान देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनमें विश्लेषणात्मक सोच और समस्याओं के समाधान की क्षमता विकसित करना भी आवश्यक है। उन्होंने विभिन्न गतिविधियों और उदाहरणों के माध्यम से बताया कि किस प्रकार कम्प्यूटेशनल चिंतन और कृत्रिम बुद्धिमत्ता को कक्षा शिक्षण का हिस्सा बनाकर पढ़ाई को अधिक प्रभावी और रोचक बनाया जा सकता है। उन्होंने मूल्यांकन की आधुनिक तकनीकों पर भी शिक्षकों का मार्गदर्शन किया।
विद्यालय की प्राचार्या पूजा शर्मा ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप शिक्षकों का सतत प्रशिक्षण समय की आवश्यकता है। ऐसे कार्यक्रम शिक्षकों को बदलते शैक्षिक परिवेश के अनुरूप स्वयं को अद्यतन रखने का अवसर प्रदान करते हैं तथा विद्यार्थियों के समग्र विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। प्रशिक्षण के दौरान आकलन, चिंतन, नवाचार, पुनर्कल्पना और प्रगति जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेष बल दिया गया।