कुरुक्षेत्र। पूर्व छात्र अमित वर्मा विचार साझा करते हुए। संवाद
कुरुक्षेत्र। राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) कुरुक्षेत्र में प्रत्येक बुधवार आयोजित होने वाला वेडनेसडे कोलोक्वियम कार्यक्रम विचारों के आदान-प्रदान, नई सीख और पेशेवर संबंधों को मजबूत करने का एक सशक्त मंच बन गया है। यह कार्यक्रम प्रतिष्ठित पूर्व छात्रों को समकालीन विषयों पर संवाद स्थापित करने का अवसर प्रदान करता है।
इस सप्ताह के कोलोक्वियम में संस्थान के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं संचार अभियांत्रिकी विभाग (बैच 2011-2015) के पूर्व छात्र अमित वर्मा ने प्रेरणादायक और चिंतनशील व्याख्यान प्रस्तुत किया। अमित एक अनुभवी आईटी विशेषज्ञ हैं, जिनके पास 10 से अधिक वर्षों का औद्योगिक अनुभव है। उन्होंने अपने कॅरिअर की शुरुआत ओरेकल फाइनेंशियल सर्विसेज सॉफ्टवेयर (ओएफएसएस) से की। इसके बाद एक्सिस बैंक में कार्य किया और वर्तमान में ओएफएसएस में सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं।
कार्यक्रम में उनका औपचारिक स्वागत एसोसिएट डीन (छात्र कल्याण) प्रो. दिक्षित गर्ग ने किया। स्वभाव से जिज्ञासु और चिंतनशील, वर्मा अध्यात्म, जीवन विज्ञान और पवित्र शास्त्रों के अध्ययन में गहरी रुचि रखते हैं, जो उनके विचारों को एक समग्र दृष्टिकोण प्रदान करता है। उन्होंने बताया कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता के दौर में मैनुअल कोडिंग का महत्व कम हो रहा है, जबकि मूल अभियांत्रिकी जैसे रणनीति निर्माण, सिस्टम आर्किटेक्चर, नैतिक सोच और विवेकपूर्ण निर्णय अधिक महत्वपूर्ण होती जा रही है। उन्होंने छात्रों को जिज्ञासा, प्रभावी संचार कौशल और व्यावसायिक सोच विकसित करने की सलाह दी। इस मौके पर डीन (छात्र कल्याण) प्रो. प्रतिभा अग्रवाल, प्रो. वृंदा गुप्ता, डॉ. शेली वधेरा, प्रो. दिक्षित गर्ग सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।
कुरुक्षेत्र। पूर्व छात्र अमित वर्मा विचार साझा करते हुए। संवाद
कुरुक्षेत्र। पूर्व छात्र अमित वर्मा विचार साझा करते हुए। संवाद