माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। जिले में बिजली आपूर्ति को और अधिक बेहतर और निर्बाध बनाने के लिए बिजली निगम ने बड़े स्तर पर सुधार कार्य शुरू करने की योजना बनाई है। इस परियोजना के तहत जिले में 477 किलोमीटर बिजली लाइनों से जुड़े 118 फीडरों के लोड का पुनर्विभाजन किया जाएगा ताकि ओवरलोड की समस्या कम हो सके और उपभोक्ताओं को बार-बार होने वाली बिजली कटौती से राहत मिल सके।
बिजली निगम के अधीक्षक अभियंता नसीब सिंह के अनुसार, मौजूदा समय में कई क्षेत्रों में फीडरों पर अत्यधिक लोड के कारण ट्रिपिंग और ब्रेकडाउन की शिकायतें बढ़ रही हैं। इन समस्याओं को ध्यान में रखते हुए फीडरों का पुनर्गठन कर उन्हें अलग-अलग हिस्सों में विभाजित किया जाएगा जिससे बिजली वितरण अधिक प्रभावी हो सकेगा।
योजना के तहत जिले में 106 फीडरों की पुरानी और जर्जर बिजली तारों को बदलने का कार्य भी किया जाएगा। लंबे समय से उपयोग में आ रही इन तारों के कारण अक्सर बिजली आपूर्ति बाधित होती है और लाइन फाल्ट की समस्या आती है।
अभी लोड ज्यादा होने से बढ़ रही दिक्कत
इसके अलावा बिजली व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए 100 से अधिक नए ट्रांसफार्मर स्थापित किए जाएंगे, जिनकी क्षमता 100 से 200 केवीए तक होगी। ये ट्रांसफार्मर मुख्य रूप से उन क्षेत्रों में लगाए जाएंगे जहां बिजली की मांग अधिक है और मौजूदा ट्रांसफार्मर पर लोड ज्यादा होने के कारण परेशानी होती है। बिजली निगम का लक्ष्य है कि गर्मी के मौसम से पहले शहर के प्रमुख हिस्सों में इन सुधार कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए, ताकि उपभोक्ताओं को बिजली की कमी या ओवरलोड की समस्या का सामना न करना पड़े। ग्रामीण क्षेत्रों में भी चरणबद्ध तरीके से यह काम किया जाएगा।
बिजली व्यवस्था होगी दुरुस्त
नसीब सिंह ने बताया कि इस पूरी परियोजना पर करीब 85 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे जिससे जिले में बिजली वितरण प्रणाली को आधुनिक और अधिक भरोसेमंद बनाया जा सकेगा। इस योजना के पूरा होने के बाद उपभोक्ताओं को बेहतर व स्थिर बिजली आपूर्ति मिलने की उम्मीद है। फीडरों के पुनर्गठन, नई तारों के प्रतिस्थापन और ट्रांसफार्मरों की स्थापना से जिले की बिजली व्यवस्था पहले की तुलना में अधिक मजबूत और प्रभावी हो जाएगी।