- छठीं से 12 तक के सभी स्कूलों में लगेगी सुझाव पेटिका, सरकारी स्कूलों में हर शनिवार होगी प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता
संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को अध्यापकों की ओर से दी जाने वाली शिक्षा में बदलाव के लिए सुझाव देने का मौका मिलेगा। इसके लिए सरकारी स्कूलों में हर शनिवार प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता होगी। वहीं छठीं से 12 तक के सभी स्कूलों में एक सुझाव पेटिका लगेगी, जिसमें विद्यार्थी अपना सुझाव डाल सकता है। यदि कोई विद्यार्थी अपनी पहचान गोपनीय रखना चाहता है तो वह बिना अपना परिचय दिए सुझाव पेटिका में डाल सकता है। विद्यार्थियों में विज्ञान के प्रति रुचि पैदा करने के लिए शिक्षा विभाग ने यह शुरुआत की है।
यह नई पहल सरकारी स्कूलों में शैक्षणिक सुधार व विद्यार्थियों की रुचि के अनुसार अध्यापक को उसके पढ़ाने के तरीके में बदलाव के लिए की गई है। यह सुधार विज्ञान विषय के विद्यार्थियों के लिए ज्यादा फायदेमंद होगा। इसमें कक्षा छह से 12वीं तक के सभी स्कूलों में एक सुझाव पेटी लगाई जाएगी। जिसमें विद्यार्थी, विज्ञान शिक्षण को और बेहतर बनाने के लिए अपने सुझाव पर्ची के माध्यम से उसमें डाल सकेंगे। इसके साथ ही हर शनिवार क्विज प्रतियोगिता, ड्रामा व अन्य स्पर्धाएं करवाई जाएगी। इसके लिए प्रत्येक स्कूल का मुखिया विज्ञान के शिक्षकों का इस प्रकार की प्रतियोगिता कराने के लिए ड्यूटी निर्धारित करेगा।
जिला शिक्षा विभाग की ओर से इसके लिए सभी खंड शिक्षा अधिकारी की डयूटी लगा दी गई है कि वह अपने संबंधित स्कूल मुखिया को विज्ञान प्रयोगशालाएं सुचारू रूप से चलाने के निर्देश दें। सभी स्कूलों में लाइट, साउंड, पानी व साफ सफाई की उचित व्यवस्था हो। जिन स्कूलों में विज्ञान किट दी गई हैं वह प्रयोग में हो। इसके साथ जो फंड निदेशालय की ओर से स्कूलों को दिया जाता है, उसका नियमानुसार प्रयोग किया जाए, नहीं तो शिक्षा विभाग की ओर से इस संदर्भ में कार्रवाई की जाएगी। वहीं यह भी निर्देश दिए गए हैं कि जिन स्कूलों में रसायन, भौतिकी व जीव विज्ञान की अलग से लैब नहीं है तो वहां विज्ञान कक्ष या फिर अन्य हॉल कक्ष में नौवीं से 12वीं तक की कक्षा लगाई जाए।
इसके साथ ही संबंधित शिक्षकों को विज्ञान प्रयोगशालाओं को व्यवस्थित कर नियमित रूप से गतिविधियों व प्रोजेक्ट कार्य आयोजित करवाने होंगे और इसका रिकॉर्ड लॉग बुक में भी रखना अनिवार्य है। शिक्षा विभाग की ओर से इस संदर्भ में टीजीटी व पीजीटी विज्ञान अध्यापकों को प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है।
नौवी से 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों को मिलेगा लाभ
शिक्षा निदेशालय की ओर से जिले के सभी स्कूलों में विज्ञान प्रयोगशाला में बच्चों को अभ्यास करवाया जाएगा। सभी स्कूलों के पास भौतिक विज्ञान की किट भी उपलब्ध होनी चाहिए। इस सुविधा से नौवीं से 12वीं कक्षा के विज्ञान संकाय के विद्यार्थियों को ज्यादा फायदा होगा। इससे विज्ञान के विद्यार्थी इंस्पायर मानक अवार्ड में उपलब्धि हासिल कर जिले व प्रदेश का नाम रोशन करेंगे।
जिले के सभी स्कूलों में विज्ञान प्रयोगशालाओं को व्यवस्थित करने के निर्देश शिक्षा निदेशालय की ओर से जारी किए गए हैं। प्रयोगशाला में बच्चे प्रयोग के माध्यम से सीखेंगे और उनकी विज्ञान के प्रति रुचि बढ़ेगी। हर शनिवार शिक्षा विभाग की ओर से स्कूलों का निरीक्षण भी किया जाएगा।
- दीपक वर्मा, जिला विज्ञान विशेषज्ञ