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Karnal News: बढ़ी सख्ती...राशन चाहिए तो बिजली कम जलाइए

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करनाल। नागरिक संसाधन सूचना विभाग (सीआरआईडी) की ओर से प्रदेशभर के बीपीएल कार्ड धारकों की फिर से छंटनी शुरू हो गई है। अब बिजली का बिल सालाना 30 हजार रुपये से ज्यादा आने पर बीपीएल कार्ड रद्द किए जा रहे हैं। यदि राशन चाहिए तो बिजली का उपयोग कम करना होगा।
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इससे पहले बीपीएल कार्ड कटने के संदेश मोबाइल के माध्यम से प्राप्त होते थे लेकिन अब उपभोक्ताओं को डिपो होल्डर पर जाकर पता चल रहा है कि उनका राशन कार्ड रद्द हो गया है। अटल सेवा केंद्र या सीएससी के माध्यम से उपभोक्ता की ओर से राशन कार्ड रद्द किए जाने का कारण पता करने पर उनका सालाना बिजली बिल 30 हजार से ज्यादा होना बताया जा रहा है। जनवरी से जुलाई तक करनाल में 40 से ज्यादा राशन कार्ड रद्द किए जा चुके है। इधर उपभोक्ताओं का कहना है कि बिजली के दामों में बढ़ोतरी होने से उनका प्रतिमाह का बिजली बिल दोगुना हो गया है। संवाद
जानकारी जुटाई जा रही
सीआरआईडी की ओर से किसानों की हर छह माह में बेची जाने वाली फसल, उनके नाम जमीन, परिवार की कुल आमदनी, किसी सदस्य के सालाना आयकर रिटर्न भरने आदि जानकारी जुटाई जा रही है। मानक से अधिक आमदनी या अन्य कारण पर बीपीएल, आयुष्मान व हैप्पी कार्ड की सुविधा रद्द कर दी जाएगी। 400 गज से ज्यादा ग्रामीण क्षेत्र में और 100 गज से ज्यादा शहरी क्षेत्र में मकान होने पर, सालाना आईटीआर भरने, प्रतिमाह तनख्वाह 20 हजार से ज्यादा होने और 150 सीसी बाइक होने पर आप बीपीएल श्रेणी से बाहर हो जाएंगे।
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जिले में बीपीएल कार्ड धारकों का ब्यौरा
सेंटर कुल कार्ड धारक (बीपीएल व एएवाई)
असंध 44821
घरौंडा 47284
इंद्री 34022
जुंडला 11365
करनाल 80500
कुंजपुरा 15155
नीलोखेड़ी 22373
निसिंग 21253
तरावड़ी 25247
जिले में बीपीएल कार्ड धारकों की संख्या पिछले सात माह में तेजी से घटी है। खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक विभाग का कार्य कार्ड धारकों को राशन देने का है। जो कार्ड धारक बीपीएल के पात्र नहीं है उनके परिवार पहचान पत्र में सालाना आय बढ़ने के कारण राशन कार्ड स्वतः ही कट रहे हैं। प्रार्थी की संपत्ति, साधन और सालाना आय का ब्योरा दर्ज किया जा रहा है। - अनिल कुमार, जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक
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