माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। केंद्र सरकार में नौकरी लगवाने का झांसा देकर मौसा ने ही भतीजे से सात लाख रुपये ठग लिए। भतीजे को फर्जी दस्तावेज बना लखनऊ के वन विभाग में भेजकर प्रशिक्षण तक दिलवा दिया।
जब पोस्टिंग नहीं मिली तो फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ। रुपये वापस मांगे तो धमकियां दी गईं। परेशान होकर मामले की शिकायत पुलिस को दी गई। जिस पर थाना असंध पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है।
थाना असंध पुलिस को विकास निवासी फफडाना गांव ने बताया कि उसका मौसा कुलदीप सिंह आस्था सिटी सेक्टर-20 पंचकूला में रहता है। दिसंबर 2021 को कुलदीप उनके घर आया और उनके पिता से कहा कि वे विकास को केंद्र सरकार की नौकरी दिलवा सकते हैं। इसके लिए मार्च 2022 में साढ़े छह लाख रुपये की डिमांड की और विकास के दस्तावेज साथ ले गया। 16 दिसंबर 2021 को कुलदीप ने वाट्सएप पर एक फार्म भेजा। मार्च 2022 में उनके घर आकर उनके पिता से 6.50 लाख रुपये नकद लेकर एक नियुक्ति पत्र दे गया। इसके बाद विकास को लखनऊ के वन विभाग के दफ्तर में भेज दिया गया। वहां पर कुछ दिनों की ट्रेनिंग करवा उसे वापस घर भेज दिया गया।
करीब 20 दिन बाद कुलदीप से पूछा कि अब पोस्टिंग कहां पर मिलेगी तो कुलदीप इसे टालने लगा। इसके बाद कुलदीप ने पोस्टिंग करवाने के नाम पर 50 हजार रुपये और मांगे। सात लाख रुपये लेने के बाद भी कुलदीप ने मामले का हल नहीं किया और टोल मटोल करने लगा।