करनाल। श्री सनातन धर्म शिव मंदिर सभा की ओर से महाशिवरात्रि के उपलक्ष्य में रामलीला मैदान में आयोजित पिंगला भरथरी सांग का मंचन किया गया। सांगी सतपाल कश्यप और उनकी टीम ने बताया कि उज्जैन के राजा विक्रमादित्य के बड़े भाई का नाम राजा भरथरी था।
राजा भरथरी की दो पत्नियां होने के बावजूद भी वे पिंगला नाम की राजकुमारी पर मोहित हो गए। राजा ने पिंगला को तीसरी पत्नी बनाया। राजा उसकी हर बात मानने लगे। पिंगला घुड़साल के रखवाले से प्रेम करने लगी। राजा उसके बनावटी प्रेम को समझ नहीं पाए। जब विक्रमादित्य को यह बात पता चली तो उसने राजा को बताई, तो पिंगला ने विक्रमादित्य के चरित्र को ही गलत बता दिया। राजा ने उसे राज्य से निकाल दिया। बाद में राजा को पिंगला की सच्चाई का पता चला तो राजा बहुत दुखी हुए। प्रधान रमेश जिंदल, महेंद्र गुप्ता, बीबी गुप्ता, बालकिशन शर्मा, गौरव गर्ग, राजन गर्ग विजय अग्रवाल, अमित भाटिया, अंकुर, मन्नी जायसवाल आदि उपस्थित रहे। संवाद