करनाल। कोरोना की संभावित तीसरी लहर से निपटने के लिये राज्य स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने प्रदेश के सभी जिला उपायुक्त के साथ वीडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से बैठक की। उन्होंने कहा कि 50 से ज्यादा बेड वाले सरकारी और निजी अस्पतालों को ऑक्सीजन प्लांट लगवाना होगा। सरकार ने इसके लिए आदेश पारित कर दिए हैं। वीडियो कांफ्रेसिंग में उपायुक्त निशांत कुमार यादव, पुलिस अधीक्षक गंगाराम पूनिया, नगराधीश अभय सिंह जांगड़ा और सिविल सर्जन डॉ. योगेश शर्मा भी मौजूद रहे।
उपायुक्त ने बताया कि स्वास्थ्य मंत्री ने कोविड मरीजों की जरूरतों के लिए ऑक्सीजन की उपलब्धता में हरियाणा को देश का पहला आत्मनिर्भर राज्य बनाने की बात कही। उन्होंने कहा कि जिलों में उपायुक्त की अध्यक्षता में मॉनिटरिंग कमेटी ऑक्सीजन प्लांट की प्रक्रिया पर नजर रखेंगी।
अस्पतालों में बेड पर ही ऑक्सीजन की आपूर्ति होनी चाहिए तथा सिलेंडर भी उपलब्ध रहे। उन्होंने कहा कि जिले मेें लगाए जा रहे ऑक्सीजन प्लांट के अलावा प्रदेश सरकार केंद्र से भी सहायता ले रही है। कोरोना की तीसरी लहर की आशंका देख अभी से पुख्ता तैयारियां करनी होगी। हर जिले में कोरोना मॉनिटरिंग कमेटी बनाई जाएगी, जिसमें डीसी, एसपी, सीएमओ व नगर निगम आयुक्त/ नगर परिषद अधिकारी शामिल हो। प्रत्येक अस्पताल में ऑक्सीजन, वेंटीलेटर व आईसीयू बेड़ों की संख्या बढ़ानी होगी, इसके लिए विस्तार से योजना बनाई हुई है।
निजी अस्पतालों पर नियंत्रण रखा जाए
सीएमओ ने बताया कि स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि प्रदेश में कोरोना रिकवरी रेट 98 . 62 प्रतिशत है तथा मृत्युदर 1.31 प्रतिशत रही है, अब मृत्यु दर बढ़ने न पाए, इसके लिए गंभीरता से प्रयास करने होंगे। विशेषज्ञों की टीम बनाकर डेथ ऑडिट करवाकर इसके कारणों को ढूंढना चाहिए। उन्होंने कहा कि कुछ प्राईवेट अस्पतालों में सरकार द्वारा तय किए गए रेट से ज्यादा रुपये मरीजों से वसूले गए हैं, इस पर भी नियंत्रण रखा जाए और अतिरिक्त चार्ज की शिकायतें न हो।
उपायुक्त ने बताई जिले की स्थिति
डीसी निशांत कुमार ने बताया कि अब तक जिला में 518424 व्यक्तियों को कोविशील्ड व को-वैक्सीन की डोज दी जा चुकी है। 424274 को प्रथम व 94150 को द्वितीय डोज लगाई गई है। जिले में कोविड के 39905 केस सामने आए हैं। इनमें से 39328 रि-कवर हुए। 547 व्यक्तियों की मौत हुई। अब एक्टिव केसों की संख्या मात्र 30 है। सीएमओ को निर्देश दिए कि वे 50 बेड से अधिक के प्राइवेट अस्पतालों में ऑक्सीजन प्लांट लगाने के लिए इनकी बैठक लें और कोशिश करवाएं कि तीसरी लहर से पहले ये प्लांट लग जाए।