करनाल। जो विद्यार्थी 10वीं की पढ़ाई के बाद राजकीय स्कूल से ही 11वीं की मेडिकल संकाय में पढ़ाई कर रहे हैं, उनके लिए डॉक्टर बनने का सुनहरा मौका है। सुपर-100 कार्यक्रम के तहत मेधावी बच्चे नीट की दो साल मुफ्त कोचिंग के लिए आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए चयनित विद्यार्थियों को सरकार के तय किए केंद्र में ही रहना होगा। इनके रहने, खाने व पढ़ाई का सभी खर्च शिक्षा विभाग वहन करेगा।
सुपर100 कार्यक्रम 2021-23 बैच में हिस्सा लेने के लिए 10 जुलाई रात 12 बजे तक ऑनलाइन आवेदन मांगे गए हैं। इसमें आवेदन करने वाले सभी बच्चों को दो टेस्ट राउंड क्लीयर करने होंगे। टेस्ट में पास होने वाले बच्चों का चयन इस योजना के तहत किया जाएगा। -ब्यूरो
11वीं में विज्ञान संकाय की शर्त
कार्यक्रम में हिस्सा लेने वाले विद्यार्थियों का 11वीं में विज्ञान संकाय लेना जरूरी है। अन्यथा आवेदन रद माना जाएगा। विद्यार्थियों के चयन के लिए स्क्रीनिंग टेस्ट का आयोजन किया जाएगा। टेस्ट का शेड्यूल अभी जारी नहीं किया गया है। पिछले सालों में फिजिक्स, कैमिस्ट्री, मैथ, बायोलॉजी व रिजनिंग के सवाल पूछे जाते रहे हैं।
पहला राउंड पार करने वाले लेंगे दूसरे राउंड में हिस्सा
पहले राउंड पार करने वाले बच्चों को शिक्षा विभाग की ओर से उनके मोबाइल पर एसएमएस के माध्यम से रिजल्ट जारी किया जाएगा। जो बच्चे पास होंगे, वहीं दूसरे राउंड के टेस्ट में हिस्सा लेंगे। इस टेस्ट से पहले प्रोजेक्ट के एक्सपर्ट द्वारा कोचिंग भी दी जाएगी।
10वीं तक बच्चे को पढ़ाने के बाद अक्सर कई अभिभावक आगे की पढ़ाई का खर्च नहीं उठा पाते, ऐसे में बच्चों का डाक्टर बनने का सपना पूरा नहीं हो पाता। ऐसे मेधावी विद्यार्थियों का करियर बनाने के लिए शिक्षा विभाग ने यह अनूठी पहल की है। - राजपाल चौधरी, जिला शिक्षा अधिकारी।