करनाल/घरौंडा। मंगलौरा गांव के सरपंच मनजीत से पांच करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने और इसके बाद स्वागत द्वार पर लगी उनकी फोटो पर फायरिंग के मामले में अभी तक कोई सुराग नहीं मिला है। मामले की जांच के लिए पांच टीमों का गठन किया गया है। तीन सीआईए टीमों के अलावा थाना मधुबन और मंगलौरा पुलिस चौकी की टीम जांच कर रही है। अभी तक पुलिस को धमकी देने वाले कॉलर और फोटो पर गोली चलाने वाले युवकों का कोई सुराग नहीं मिला है।
पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि फायरिंग करने वाले युवक रंगदारी की धमकी देने वालों से जुड़े हैं या नहीं। फायरिंग के बाद सरपंच की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पुलिस की ओर से उन्हें चार सिपाही उपलब्ध कराए गए हैं।
पुलिस टीमें मामले से जुड़े अलग-अलग पहलुओं पर जांच कर रही हैं। डीएसपी मनोज कुमार के अनुसार मामले की जांच के लिए पुलिस की पांच टीमें लगाई गई हैं। धमकी देने वालों और फायरिंग करने वालों की पहचान के प्रयास किए जा रहे हैं। पुलिस दोनों घटनाओं के बीच संबंध की भी जांच कर रही है।