खराब मौसम और ठंड के बीच दिल्ली के बार्डर पर जमे किसानों को समर्थन देने के लिए महिला अधिवक्ता भी आगे आई है। जीरकपुर से दिल्ली के लिए चली महिला अधिवक्ता शनिवार को करनाल पहुंची थी। रास्ते में करनाल के ओएसिस पर्यटन केंद्र के समीप रुककर उन्होंने न सिर्फ किसानों का मनोबल बढ़ाया, बल्कि आंदोलन को समर्थन देने का आह्वान किया।
पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय की अधिवक्ता कुलवंत कौर संधू ने कहा कि सिंघु बार्डर पर ठंड में पुरुषों के साथ महिलाएं भी आंदोलन में बैठी हैं। यही कारण है कि उन्होंने दिल्ली बाइक से जाने का निर्णय लिया ताकि आंदोलनकारी किसानों की कठिनाइयों को अनुभव किया जा सके। उन्होंने प्रधानमंत्री से भी किसानों की मांग जल्द मानने की अपील की है।
उन्होंने कहा कि किसानों को कुछ लोग उग्रवादी बता रहे हैं जो उचित नहीं है। किसान अपने हक के लिए लड़ रहे हैं। धरतीपुत्र और अन्नदाता का अपमान कतई उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को सीधे किसानों की बात सुनकर उनकी समस्याओं का समाधान करना चाहिए।