माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष ने डॉक्टरों के पेशे को सेवा से जोड़ते हुए धर्म को परिभाषित किया। उन्होंने कहा कि डॉक्टर के पेशे का धर्म सेवा है, लोग डॉक्टर को धरती पर भगवान का रूप मानते हैं। जब कोई मरीज ठीक होकर जाता है तो उसके मुंह से डॉक्टर के लिए जो दुआएं निकलती हैं, वही डाक्टरों की असली जमापूंजी है।
राज्यपाल ने शुक्रवार को खरकाली गांव (मधुबन) के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) का निरीक्षण करने के दौरान यह कहा। उन्होंने पीएचसी डॉक्टरों व पैरामेडिकल स्टाफ का आह्वान किया कि वे स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाएं। राज्यपाल प्रोफेसर असीम कुमार घोष शुक्रवार को दोपहर बाद करनाल के पीडब्ल्यूडी विश्राम गृह में पहुंचे। यहां उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। यहां कुछ देर ठहरने के बाद वह क्षेत्र के गांव खरकाली की प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) पहुंचे। उन्होंने डिस्पेंसरी के ओपीडी रजिस्टर और वहां उपलब्ध दवाओं की जानकारी ली।
पीएचसी में इलाज के लिए आए टीबी मरीजों से बात की और दो मरीजों को पोषण किट भी वितरित की। होम्योपैथिक डॉक्टर से प्रारंभिक स्तर पर रोगी का इलाज करने के तरीके और टीबी रोगियों को अच्छे ढंग से इलाज करने के लिए कहा। उन्होंने वैक्सीन कक्ष में रखी दवाओं व डीप फ्रीजर के तापमान को भी देखा। पीएचसी के सब-सेंटर में मौजूद पैरा मेडिकल स्टाफ से टीकाकरण, गर्भवती महिलाओं व बच्चों की देखभाल, परिवार नियोजन कार्यक्रमों के बारे में जाना। जन्म-मृत्यु पंजीकरण कक्ष, प्रसवोत्तर वार्ड, आयुष कक्ष, दंत चिकित्सक कक्ष, पट्टी व टीकाकरण कक्ष, पुरुष वार्ड को देखा।
यहां उन्होंने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की ओर से उपलब्ध कराई जा रही सेवाओं पर संतोष व्यक्त किया। साथ ही इन सेवाओं को और बेहतर करने का आह्वान भी किया।
इस मौके पर उपायुक्त उत्तम सिंह, एसपी गंगा राम पूनिया, सीएमओ डॉ पूनम चौधरी, एसडीएम घरौंडा राजेश सोनी, एसएमओ संदीप अबरोल, एएमओ डॉ. सतपाल, डीएसपी मनोज कुमार, एमओ डॉ. माला, बीडीपीओ मोनिका आदि मौजूद रहे।
141...राज्यपाल प्रोफेसर असीम कुमार घोष का स्वागत करती सीएमओं पुनम चौधरी। प्रवक्ता