थाना तरावड़ी क्षेत्र के गांव भैणीकलां में चार दिन पहले ऑनर किलिंग के
आरोप में पुलिस ने लड़की के पिता और लड़के के दो भाइयों समेत तीन लोगों को
अदालत में पेश किया।
शनिवार दोपहर बाद तीनों आरोपियों को जूनियर
डिवीजन की सिविल जज रजनी कौशल की अदालत ने तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेज
दिया। आरोपियों का डीएनए टेस्ट कराने के लिए भी अदालत ने आदेश दिए हैं।
शनिवार
को थाना तरावड़ी पुलिस प्रभारी नसीब सिंह समेत भारी पुलिस बल की मौजूदगी
में लड़की किरण के पिता रणधीर सिंह और लड़के मनोज के भाई संदीप उर्फ सोनू
और धर्मबीर को अदालत में पेश किया गया। थाना प्रभारी नसीब सिंह स्वयं
आरोपियों को लेकर अदालत में पेश हुए।
अदालत को बताया गया कि ऑनर किलिंग मामले में लड़की के पिता और लड़के के दो भाइयों समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
20
मई को गांव भैणी खुर्द का प्रेमी जोड़ा मनोज उर्फ मन्नु और किरण घर से
फरार हो गए थे। परिवार के लोगों को दोनों के कुरुक्षेत्र के एक होटल में
रुकने की सूचना मिली थी। दोनों परिवारों के लोग और उनके रिश्तेदार
कुरुक्षेत्र पहुंच गए थे।
लड़के और लड़की को होटल से लेकर वह लोग
अलग-अलग रास्तों पर निकल पडे़ थे। लड़की के परिवार के लोग लड़की को पेहवा
की ओर ले गए थे और लड़के के परिवार के लोग हरिद्वार की ओर लड़के को ले गए
थे। प्रारंभिक तफ्तीश में सामने आया कि दोनों परिवारों के लोगों ने रास्ते
में जहर खरीद कर दोनों को दे दिया।
किसी को कुछ मालूम नहीं पडे़
इसके लिए इन लोगों ने दोनों के शवों को सुबह होने से पहले रात में ही गांव
भैणी कलां के श्मशानघाट में जला दिया था।
अदालत ने पकडे़ गए तीनों
आरोपियों को तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा है। तीनों आरोपियों को 26 मई
को अदालत में पेश किया जाएगा। पुलिस के अनुसार इन लोगों के साथ कुरुक्षेत्र
होटल में जाने वाले लोगों को गिरफ्तार किया जाना है।
जहर कहां से
खरीदा गया, यह भी निशानदेही की जानी है। आरोपी दोनों को लेकर कहां तक गए।
यह भी पूरी जानकारी लेनी है। अदालत में पेश किए गए तीनों लोगों को 23 मई को
गिरफ्तार किया गया है। तरावड़ी पुलिस 21 मई को प्रेमी जोडे़ की चिता जलाने
के बाद गांव में पहुंची थी।
पुलिस ने डीएनए टेस्ट कराने के लिए
अस्थियां और चिता की राख के सैंपल लिए थे। उसी दिन पुलिस ने पांच को हिरासत
में लेने की बात की थी। अगले दिन पुलिस पांच आरोपियों को हिरासत में लेने
की बात से हट गई थी। पुलिस ने यह कहना शुरू कर दिया था कि अभी कोई
गिरफ्तारी नहीं हुई है।
ये था मामला
गांव भैणी कलां के
निवासी मनोज उर्फ मन्नु और किरण 20 मई को घर से चले गए थे। दोनों एक ही
जाति और गोत्र के थे। परिवार के लोगों ने दोनों को कुरुक्षेत्र में पकड़
लिया था। ऐसा होने पर परिवार के लोगों ने दोनों की हत्या कर उनका अंतिम
संस्कार गांव में ही कर दिया था। गांव के किसी व्यक्ति की सूचना पर पुलिस
गांव में पहुंची तो मामले से पर्दा उठा था।