फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सेना में नौकरी लगवाने के नाम पर साढ़े सात लाख रुपये ठगे

विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

करनाल। नौकरी लगाने के नाम पर साढ़े सात लाख रुपये ठगने का मामला सामने आया है। पुलिस ने महिला सहित चार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। अंबाला कैंट की डिफेंस कॉलोनी निवासी संजीव शर्मा ने बताया कि आरोपी प्रवेश कुमारी व उसके भाई अजय व अरविंद का उनके घर आना-जाना था। तीनों धर्मबीर कॉलोनी घरौंडा के रहने वाले हैं।
प्रवेश कुमारी व इसके दोनों भाइयों ने कहा कि उसकी सरकारी नौकरी लगवा देंगे। जिसके लिए 10 लाख रुपये लगेंगे। आठ लाख रुपये में बात तय हो गई। प्रवेश कुमारी ने एक लाख रुपये मंसूर अहमद गनी के बैंक खाते में 19 मई 2016 में डलवाए। बाकी सात लाख में से साढ़े तीन लाख रुपये अजय व प्रवेश कुमारी को उनके घर दिए। ढाई लाख रुपये अरविंद को अंबाला बस स्टैंड पर दिए। आरोपियों ने कहा कि मिलिट्री इंजीनियरिंग सर्विस में बतौर एलडीसी क्लर्क, देहरादून में नौकरी लगवाएंगे। आरोपियों ने कई युवकों को कश्मीर ले जाकर फर्जी ट्रेनिंग भी कराई।
विज्ञापन
विज्ञापन

14 फरवरी 2017 को ई मेल पर मेरा रोल नंबर व सीरियल नंबर और एडमिट कार्ड भेजा। इसके बाद वह नौकरी लगाने का झांसा दे रहे। जब नौकरी नहीं लगी तो वह उनके घर जाने लगा तो जान से मारने की धमकी देने लगे। इसके बाद वह लापता हो गए। 2020 मे उसे सुरेंद्र दलाल नाम का व्यक्ति मिला, जिसने बताया कि उसे प्रवेश कुमारी ने भेजा है। उसने प्रवेश कुमारी से बात भी कराई। उसने कहा कि तुम्हारी नौकरी लग चुकी है। उसने फेसबुक आईडी पर एक लिस्ट भी दिखाई। इसके बाद बाकी रुपये मांगे। इस दौरान सुरेंद्र दलाल 40 हजार रुपये उससे ले गया। 10 हजार रुपये खाते में डलवाए। उसने आरटीआई लगाई तो वह लिस्ट फर्जी पाई गई। आरोपियों ने उससे साढ़े सात लाख रुपये की ठगी की है। उनका कहना है कि आरोपियों ने सुनील खरब से पांच लाख रुपये व नीटू से चार लाख रुपये व देवेंद्र सिंह से भी छह लाख रुपये ठगे हैं। आरोपियों ने इनको कश्मीर ले जाकर फर्जी ट्रेनिंग भी कराई और नौकरी के सपने दिखाकर फर्जी लिस्ट भी दिखाई। उनका कहना है कि इन आरोपियों ने करीब 700 युवकों से नौकरी के नाम पर ठगी की है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें